यूरिया नहीं मिलने पर किसानों का हंगामा
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गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ मार्ग पर गांव कादराबाद स्थित बहुद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति (बी पैक्स) बिसोखर पर शनिवार सुबह खाद न मिलने से गुस्साए किसानों ने जमकर हंगामा किया। आक्रोशित किसान जबरन सहकारी समिति में घुस गए और वहां से यूरिया के 350 बोरे उठा ले गए। हंगामे के दौरान धक्का मुक्की भी हुई। नियमानुसार खाद लेने पहुंचे कई किसानों को खाली हाथ लौटना पड़ा।
गांव सारा, कादराबाद, रोरी और अन्य गांवों के किसानों ने बताया कि वे पिछले लगभग सात दिनों से खाद लेने के लिए सहकारी समिति के चक्कर काट रहे थे। सचिव और सहायक लिपिक ने उन्हें शनिवार को खाद लेने के लिए बुलाया था। शनिवार सुबह बड़ी संख्या में किसान समिति पर पहुंचे, लेकिन उन्हें खाद नहीं मिली। इससे किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित किसानों ने सचिव नवनीत और सहायक राकेश कुमार पर खाद की कालाबाजारी और अपने चहेतों को खाद देने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया।
इसी बीच कुछ किसान आधार कार्ड और फर्द दिए बिना ही वहां से यूरिया के 350 बोरे उठाकर ले गए। बोरे उठाने को लेकर किसानों में आपाधापी मच गई। किसानों और सहायक के बीच धक्का मुक्की भी हुई। बोरे ले जाते देख सहायक राकेश कुमार ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने से पहले ही किसान गोदाम खाली कर चुके थे।
सहकारिता विभाग के सहायक रजिस्ट्रार (एआर) अमित कुमार त्यागी ने बताया कि सभी सचिवों को पीओएस मशीन के माध्यम से नियमानुसार किसानों को खाद वितरण करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। इसके बावजूद यदि किसी सचिव द्वारा अनियमितता की गई है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने बताया कि जांच समिति गठित कर तीन दिनों में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। रिपोर्ट मिलने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। जनपद में पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध है और किसानों को खाद की कमी नहीं होने दी जाएगी। किसानों से अपील की गई है कि वे खाद की उपलब्धता को लेकर परेशान न हों और फसल की आवश्यकता के अनुसार ही उर्वरक का प्रयोग करें।