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एक साथ जली भाइयों की चिता: खेत गए किसान की करंट से मौत, सदमे में भाई को आया हार्टअटैक; गांव वाले कहते थे पांडव

Thu, 15 May 2025 09:41 PM IST
विकास कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मोदीनगर

सार

प्रमोद और जयभगवान, राजकुमार, विनोद व टीटू पांचों भाई एक साथ रहते थे। पांचों भाइयों का प्यार देखकर ग्रामीण उन्हें पांडव के नाम से पुकारते थे। ग्रामीणों के अनुसार प्रमोद और जयभगवान में बहुत ज्यादा प्यार था। 
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मृत किसान और जिस पेड़ के संपर्क में आने से लगा करंट - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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यूपी के मोदीनगर के गांव रोरी में गुरुवार सुबह खेत की सिंचाई करने गए किसान प्रमोद चौधरी की जामुन के पेड़ में उतरे करंट की चपेट में आकर मौत हो गई। प्रमोद की मौत सूचना से बड़े भाई जयभगवान की हर्टअटैक से मौत हो गई। एक साथ सगे भाईयों की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। गांव में मातम पसर गया। परिजनों ने बिना कानूनी कार्रवाई के दोनों शव का अंतिम संस्कार कर दिया। गांव रोरी निवासी 45 वर्षीय प्रमोद चौधरी किसान थे। वह पांच भाइयों में चौथे नंबर के थे और अविवाहित थे। प्रमोद चौधरी बड़े भाई राजकुमार धरी, विनोद, जयभगवान और टीटू के साथ गांव में ही रहते थे। 

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करंट लगते ही नाली में गिरे प्रमोद
भाई विनोद कुमार ने बताया कि गुरुवार सुबह करीब छह बजे प्रमोद खेत की सिंचाई करने गए थे। प्रमोद ट्यूबवेल चलाने के बाद नाली के साफ-सफाई में लग गए। इसी बीच जैसे ही प्रमोद कुमार नाली में खड़े जामुन के पेड़ के पास पहुंचे तभी उसमें उतरे करंट की चपेट में आ गए। झटका लगते ही प्रमोद नाली में गिर गए, नाली के पानी में भी करंट उतरने के कारण वह उठ नहीं सके। मौके पर पहुंचे भाई विनोद कुमार ने पड़ोसी किसानों की मदद से किसी तरह प्रमोद को पानी से बाहर निकाला। परिजन गंभीर प्रमोद को मोदीनगर के एक निजी अस्पताल ले गए, वहां चिकित्सकों ने प्रमोद कुमार को मृत घोषित कर दिया।  

प्रमोद का शव घर पहुंचे ही जयभगवान की हार्टअटैक से हुई मौत
प्रमोद की मौत के बाद परिजन उनका शव घर ले आए। 50 वर्षीय बड़े भाई जयभगवान ने जैसे ही चादर हटाकर अपने अनुज प्रमोद चौधरी का चेहरा देखा तो वह गश खाकर गिर गए। परिजनों ने उन्हें संभालने का प्रयास किया मगर वह अचेत हो गए। इसके बाद परिजन जयभगवान को निजी अस्पताल ले गए। वहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों ने बताया कि हार्टअटैक के कारण जयभगवान की मौत हुई है।

जयभगवान का शव घर पहुंचे ही मचा कोहराम
अस्पताल से परिजन जयभगवान का शव घर लेकर पहुंचे तो कोहराम मच गया। कुछ ही अंतराल में हुई दो सगे भाइयों की मौत से गांव में मातम पसर गया। बड़ी संख्या में आसपास के गांव के ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया। जयभगवान की पत्नी बबीता और पुत्र रोते-रोते कई बार बेहोश हो गए। परिजनों के अनुसार जयभगवान वाहन चालक थे। इस कारण जयभगवान अधिकांश घर से बाहर रहते थे। स्वास्थ्य खराब होने के कारण लगभग 10 दिन से वह घर पर ही थे।

एक साथ उठी सगे भाइयों की अर्थी तो मचा हा-हाकार
प्रमोद और जयभगवान, राजकुमार, विनोद व टीटू पांचों भाई एक साथ रहते थे। पांचों भाइयों का प्यार देखकर ग्रामीण उन्हें पांडव के नाम से पुकारते थे। ग्रामीणों के अनुसार प्रमोद और जयभगवान में बहुत ज्यादा प्यार था। दोनों एक दूसरे के बिना अपने आप को अधूरा मानते थे। गुरुवार को हादसे में प्रमोद की मौत हुई तो जयभगवान की हार्टअटैक के कारण मौत हो गई। घर से एक साथ सगे भाइयों की अर्थी उठी तो रूदन मच गया। ग्रामीण भी अपने आंसू नहीं रोक पा रहे थे। परिजनों की चित्कार के आगे सब शून्य हो गया। ग्रामीण किसी तरह परिजनों को ढांढ़स बंधा रहे थे। प्रमोद और जयभगवान की मौत के बाद गांव में चूल्हे नहीं चले। ग्रामीण दोनों भाइयों की मौत के शोक में डूबे रहे।

जामुन के पेड़ से बांधा था बिजली का क्षतिग्रस्त केबल, पेड़ से हाईटेंशन लाइन टच होने का भी आरोप
ग्रामीणों के अनुसार जामुन के पेड़ के पास से हाईटेंशन लाइन जा रही है। पेड़ की टहनियों से एचटी लाइन से टच हो रही है। इसके अलावा एक क्षतिग्रस्त केबल भी पेड़ से बांध हुआ है। ग्रामीणों का आरोप है कि एचटी लाइन का करंट पेड़ में आया और उसकी चपेट में आकर किसान प्रमोद चौधरी की मौत हुई। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया।
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किसान की मौत के मामले में ऊर्जा निगम की कोई लापरवाही नहीं है। किसी ने विद्युत केबल काटकर पेड़ से बांध हुआ था। केबल का करंट ही हादसे का कारण बना होगा। -महेश उपाध्याय, अधिशासी अभियंता, ऊर्जा निगम मोदीनगर

परिजनों ने किसान और उनके भाई की मौत की सूचना पुलिस को नहीं दी। अगर तहरीर मिलेगी तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। -ज्ञानप्रकाश राय,एसीपी मोदीनगर

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