परिजनों ने अस्पताल में किया हंगामा
- फोटो : अमर उजाला
गाजियाबाद में एमएमजी अस्पताल में सोमवार को एक 58 वर्षीय महिला मुन्नी देवी की ऑपरेशन के दौरान मौत हो गई। महिला के परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगा अस्पताल के ओपीडी कॉरिडोर में जमकर हंगामा किया। मुन्नी के परिवार का कहना है कि ऑपरेशन के दौरान पेट की एक बड़ी नस कटने के कारण महिला को अत्यधिक रक्तस्राव हुआ, जिसके बाद उसकी मौत हो गई।
अस्पताल प्रशासन ने शव को मोर्चरी में रखवाकर पुलिस को सूचित किया और मामले की जांच शुरू की। जांच के नाम पर सीएमएस ने तीन सदस्यीय ऐसे डॉक्टरों की टीम गठित की है, जिनमें ऑपरेशन करने वाले चिकित्सक से दो डॉक्टर जूनियर रैंक के हैं। मुन्नी देवी, विजयनगर के सैन्य विहार की निवासी थीं। उन्हें पेट में तीव्र दर्द की समस्या थी और पिछले कई दिनों से वह अस्पताल में इलाज करा रही थीं।
अस्पताल के सर्जन डॉ. महेंद्र कुमार ने बताया कि उनके पित्त की थैली में पथरी है। उन्होंने ऑपरेशन कराने की सलाह दी। ऑपरेशन के बाद मुन्नी देवी की अचानक स्थिति बिगड़ गई। उनकी बेटी रेखा का आरोप है कि डॉक्टरों की लापरवाही से पेट की एक बड़ी नस कट गई, जिससे बहुत तेज रक्तस्राव शुरू हो गया।
रेखा ने कहा कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों ने स्थिति को गंभीरता से नहीं लिया और काफी देर तक किसी प्रकार की सहायता उपलब्ध नहीं कराई। जब रक्तस्राव बढ़ गया, तो खून की कई यूनिट मंगाई गई, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। ऑपरेशन के बाद डॉक्टरों ने शव को परिजनों को देखने तक नहीं दिया, जिससे गुस्साए परिजनों ने ओपीडी कॉरिडोर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। महिलाएं रो-रो कर अपनी दुःख जताने लगीं, जिससे अस्पताल परिसर में तनाव का माहौल बन गया।
अस्पताल के सीएमएस डॉ. राकेश कुमार का कहना है कि इस मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए पुलिस ले गई है। जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी गठित की गई है। इस कमेटी में डॉ. चरण सिंह (एनेस्थेटिस्ट), डॉ. मिलिंद गौतम (सर्जन) और डॉ. आलोक रंजन (फिजिशियन) शामिल हैं। एक सप्ताह में जांच टीम रिपोर्ट देगी।