गाजियाबाद। ऊर्जा निगम की ओर से वर्टिकल व्यवस्था लागू होने के बाद बिल की वसूली पर तेजी से कार्रवाई की जाएगी। किसी भी उपभोक्ता के बिल को 50 हजार से ऊपर नहीं जाने के लिए ऊर्जा निगम की ओर से प्लान तैयार किया जा रहा है।
जोन दो के मुख्य अभियंता नरेश भारती ने बताया कि बकाया वसूली के लिए अलग से टीम की व्यवस्था की गई है। स्मार्ट मीटर को लेकर भी तमाम कवायद तेजी के साथ पूरी की जा रही है। 50 हजार तक बिल हो जाने के बाद ग्रामीण इलाकों के लोगों को बिलों का भुगतान करने में समस्या होती है। ऐसे में उपभोक्ताओं के लिए 50 हजार रुपये तक की सीमा तय की जा रही है। हालांकि 10 हजार से अधिक बकाये के बाद से ऊर्जा निगम की ओर से रिमाइंडर मैसेज जाना शुरू हो जाएगा। 50 हजार रुपये से अधिक के बिल होने पर वसूली के लिए टीम उनके घर जाएगी और आगे की कार्रवाई करेगी।