ऐसे इस सुविधा का उठा सकते हैं लाभ
इस सुविधा का लाभ इलेक्ट्रिक वाहन धारक 'इलेक्ट्रीफाई' मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से उठा सकते हैं। इस एप को गूगल प्ले ऐप स्टोर या एप्पल एप स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। ईवी चार्जिंग की पूरी प्रक्रिया एप के जरिए ही कार्य करती है। इसका लाभ उठाने के लिए यूजर को एप में रजिस्टर करने के बाद संबंधित नमो भारत स्टेशन पर ईवी चार्जिंग के लिए ऑनलाइन स्लॉट बुक करना होगा। स्लॉट बुक करने के बाद ई-वाहन को कुछ ही मिनटों में चार्ज किया जा सकता है। इस एप के जरिए उपयोगकर्ता अपने वाहन की चार्जिंग स्थिति की रीयल-टाइम मॉनिटरिंग कर सकते हैं और डिजिटल माध्यम से आसानी से भुगतान भी कर सकते हैं।
अब कुल तीन ई-वाहन चार्जिंग स्टेशन
इसके अलावा ई-वाहन चार्जिंग की सुविधा साहिबाबाद नमो भारत स्टेशन पर भी उपलब्ध है। अब गुलधर और दुहाई स्टेशन पर दो फास्ट चार्जिंग स्टेशनों के साथ कॉरिडोर पर कुल तीन ई-वाहन चार्जिंग स्टेशनों पर यात्रियों के ई-वाहनों को चार्ज करने के लिए सुविधा उपलब्ध हैं। एनसीआरटीसी की यह पहल उसके सतत विकास लक्ष्यों और बेहतर लास्ट माइल कनेक्टिविटी प्रदान करने की प्रतिबद्धता का हिस्सा है। यह सुविधा न केवल नमो भारत यात्रियों को लाभ पहुंचाएगी, बल्कि आसपास के क्षेत्रों के निवासियों के लिए भी इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने में एक प्रोत्साहन के रूप में कार्य करेगी।
इन नए फास्ट चार्जिंग स्टेशनों की स्थापना के साथ, एनसीआरटीसी न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान कर रहा है, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर स्वच्छ ऊर्जा और सतत विकास के लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी योगदान दे रहा है। एनसीआरटीसी कॉरिडोर के अन्य स्टेशनों पर भी ई-वाहन चार्जिंग सुविधाओं का विस्तार करने पर जोर दे रही है, जिससे कॉरिडोर के पूरे क्षेत्र में स्वच्छ ऊर्जा परिवहन को बढ़ावा मिलेगा।
कुल ऊर्जा आवश्यकता का 70% सौर ऊर्जा से प्राप्त करने का लक्ष्य
एनसीआरटीसी सतत विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता के अनुरूप दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर की कुल ऊर्जा आवश्यकता का 70% सौर ऊर्जा से प्राप्त करने का लक्ष्य रखता है। इस दिशा में सभी एलिवेटेड स्टेशनों और डिपो पर सोलर प्लांट स्थापित किए जा रहे हैं, जिनके योगदान से एनसीआरटीसी की लगभग 11 मेगावाट नवीकरणीय ऊर्जा उत्पन्न करने की योजना है।