गाजियाबाद। करोड़ों रुपये खर्च कर पूरे देश को साफ-सुथरा और सुंदर बनाने के लिए शुरू किए गए केंद्र सरकार के ‘स्वच्छ भारत मिशन’ को गाजियाबाद नगर निगम ने ठेंगा दिखा दिया। विश्व पर्यावरण दिवस (5 जून) से शहर में शुरू की गई नगर निगम की डोर-ट-डोर कूड़ा कलेक्शन योजना चंद दिन बाद ही निगम के गैराज में ‘कैद’ हो कर रह गई है।
‘स्वच्छ भारत मिशन’ के तहत केंद्र सरकार के फंड से घर-घर बांटने के लिए 10 हजार डस्टबिन, 50 रिक्शा और 400 बड़े डस्टबिन खरीदे गए थे, जो नगर निगम के गैराज में अब धूल फांक रहे हैं। ऐसे में गाजियाबाद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्वच्छता का मिशन परवान चढ़ता नजर नहीं आ रहा।
नगर निगम ने 10 हजार हरे और नीले रंग के डस्टबिन घरों में बांटने के लिए खरीदे थे ताकि घरों में ही गीला और सूखा कचरा अलग-अलग कलेक्ट किया जा सके। घरों से इस कचरे को अलग-अलग कलेक्ट करने के लिए नगर निगम ने 50 हाथ रिक्शा भी खरीदे।
प्रत्येक रिक्शा पर 8-8 बड़े डस्टबिन रखने के लिए 400 कूड़ेदान खरीदे। पांच जून को केंद्रीय शहरी विकास मंत्री वेंकैया नायडू के समक्ष नगरायुक्त चंद्रप्रकाश सिंह ने निगम की प्लानिंग का प्रजेंटेशन दिया था तो शहर में महापौर अशु वर्मा ने पांच स्थानों पर कार्यक्रम कर लोगों को 2 हजार डस्टबिन बांटे। इसके बाद बाकी बचे 8 हजार डस्टबिन नगर निगम ने गोदाम में ‘कैद’ कर दिए गए।
हर जोन में दिए जाने हैं 10-10 रिक्शा
नगर निगम पांचों जोन में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन के लिए 100 रिक्शा खरीदेगा। इसमें 50 अभी खरीद लिए गए हैं। यानी प्रत्येक जोन में 5 जून से 10-10 रिक्शा कालोनियों में जाने चाहिए थे, लेकिन नगर निगम ने अभी सिर्फ हर जोन में 2-2 रिक्शा ही भेजे हैं। बाकी 40 रिक्शा सिटी जोन के गैराज में खड़े हैं।
पीएम की योजना में भाजपा के मेयर-पार्षदों की नहीं दिलचस्पी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘स्वच्छ भारत मिशन’ में भाजपा के मेयर व पार्षदों की भी दिलचस्पी नहीं है। निगम के गैराज में धूल फांकते डस्टबिन और भी महापौर और भाजपा पार्षदों की उदासीनता की गवाही दे रहे हैं। 5 जून को मेयर और पार्षदों ने इन्हीं डस्टबिन को बांटते हुए फोटो खिंचवाए थे। यह फोटो उन्होंने फेसबुक पर अपलोड कर वाहवाही लूटी थी।
अधिकारी बोले
मुझे निरीक्षण में डस्टबिन गैराज में रखे मिले। स्टोर कीपर को तत्काल इन्हें घरों में बंटवाने और रिक्शा को जोन में पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। सोमवार तक डस्टबिन बंटने शुरू हो जाएंगे। - चंद्रप्रकाश सिंह, नगरायुक्त
पांच जून को सप्लाई पूरी नहीं मिली थी। डस्टबिन की सप्लाई अब अगर पूरी मिल गई है तो सोमवार से इनका वितरण शुरू कराया जाएगा। स्वच्छ भारत मिशन को लागू करने में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। - अशु वर्मा, महापौर