पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद ने रंगदारी मांगने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए एक अभियुक्त को मुठभेड़ के दौरान घायल अवस्था में गिरफ्तार किया है। अभियुक्त के पास से अवैध हथियार, कारतूस, एक मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल बरामद हुई है। यह गिरफ्तारी थाना वेव सिटी में दर्ज रंगदारी से संबंधित एक मुकदमे के संबंध में हुई है।
थाना ट्रोनिका सिटी के पचायरा खनन प्वाइंट पर चल रहे खनन पट्टे के ठेकेदार से लगातार रंगदारी मांगी जा रही थी। मण्डोली जेल, दिल्ली में बंद कुख्यात अपराधी दीपक और उसके साथी ठेकेदार पर दबाव बना रहे थे कि वह दीपक के अनुसार अपनी रेत की गाड़ियां भरवाए और प्रतिमाह एक लाख रुपये रंगदारी के तौर पर दे। रंगदारी न देने पर ठेकेदार को जान से मारने की धमकी भी दी जा रही थी। इस संबंध में ठेकेदार द्वारा थाना वेव सिटी पर दीपक, कैलाश और उसके दो अन्य साथियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए, उच्चाधिकारियों के निर्देश पर स्वाट टीम, अपराध शाखा और अन्य टीमों को इस प्रकरण में लगाया गया था। इसी क्रम में, दिनांक 17 अक्टूबर 2025 को स्वाट टीम गाजियाबाद और थाना टीला मोड पुलिस टीम ने एक वांछित अभियुक्त को मुठभेड़ के दौरान पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया। घायल अभियुक्त को तत्काल उपचार के लिए सरकारी अस्पताल लोनी भेजा गया।
गिरफ्तार आरोपी कैलाश ने पूछताछ में बताया कि उसका रिश्तेदार, दीपक, जो मण्डोली जेल, दिल्ली में बंद है, ने उसे फोन कर ठेकेदार से रंगदारी वसूलने और दीपक के हिसाब से रेत की गाड़ियां भरवाने का निर्देश दिया था। कैलाश ने अपने साथियों के साथ मिलकर ठेकेदार को धमकी दी और दीपक के अनुसार काम करने व प्रतिमाह एक लाख रुपये रंगदारी देने के लिए कहा। यह भी प्रकाश में आया है कि गिरफ्तार अभियुक्त ने दीपक के कहने पर अन्य लोगों से भी रंगदारी वसूली है, जिसकी जांच की जा रही है।
अभियुक्त के कब्जे से एक अवैध देशी पिस्टल .32 बोर, एक जिंदा कारतूस .32 बोर, तीन खोखा कारतूस .32 बोर, घटना से संबंधित एक वीवो मोबाइल फोन और एक स्पलेन्डर प्लस मोटरसाइकिल बरामद की गई है। गिरफ्तार अभियुक्त कैलाश पुत्र स्व. चन्द्रपाल, निवासी ग्राम अगरौला, थाना ट्रोनिका सिटी, गाजियाबाद (उम्र करीब 40 वर्ष) के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है।