प्रधानमंत्री आवास योजना दलालों के लिए कमाई का जरिया बन गई है। आवेदन के लिए मची मारामारी का फायदा उठाकर दलालों ने आवेदन फार्मों को ब्लैक में बेचना शुरू कर दिया है। एक फार्म के लिए 10 से 30 रुपये तक वसूले जा रहे हैं जबकि यह फार्म निशुल्क मिलता है। आवेदन फार्म भरवाने के लिए भी लोग पैसा वसूली कर रहे हैं।
इस योजना में अब तक करीब 7 हजार आवेदन फार्म डूडा और नगर निगम के जोनल कार्यालय में जमा हो चुके हैं। अभी 15 अक्तूबर तक इस आवासीय योजना के फार्म जमा किए जाएंगे। आवेदनकर्ताओं की बड़ी संख्या को देख निगम कार्यालय परिसर में ही दलालों ने डेरा डाल लिया है।
शनिवार को अवकाश की वजह से डूडा और निगम कार्यालय बंद थे, लेकिन जानकारी न होने की वजह से सैकड़ों की संख्या में लोग फार्म लेने निगम पहुंचे। ऐसे में इन दलालों ने मुंह मांगी कीमत पर फार्म बेचे। शुरुआत में एक फार्म के लिए 10 रुपये वसूले गए, लेकिन भीड़ बढ़ी तो इसकी कीमत 20 से 30 रुपये कर दी गई।
यानी जैसा ग्राहक वैसा ही पैसा वसूला गया। यही नहीं निगम कार्यालय के बाहर ही कुछ ऐसे भी लोग सक्रिय थे जो पैसा लेकर आवेदन फार्म भरवा रहे थे। एक फार्म भरवाने के लिए 20 से 40 रुपये लिए गए। अब जैसे-जैसे फार्म जमा करने की अंतिम तारीख नजदीक आएगी फार्म के लिए वसूली और बढ़ जाएगी।
प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए आवेदन फार्म निगम और डूडा कार्यालय से निशुल्क वितरित किए जा रहे हैं। कोई व्यक्ति इसके लिए पैसा वसूल रहा है तो यह गलत है, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। लोग फार्म पाने या जमा कराने के लिए किसी भी व्यक्ति को पैसा न दें। -इंद्रसेन सिंह, परियोजना अधिकारी, डूडा