फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एक्सपोर्ट कंपनी के मैनेजर को अगवा कर लूटा

Fri, 03 Jun 2016 12:27 AM IST
ब्यूरो,अमर उजाला साहिबाबाद
विज्ञापन
अपराध्‍ा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
 नोएडा की एक्सपोर्ट कंपनी के मैनेजर मनीष टंडन को टैक्सी सवार चार बदमाशों ने अगवा कर लिया। 50 किलोमीटर तक उन्हें बिना नंबर प्लेट की टैक्सी में सड़कों पर घुमाते रहे। बाद में उनके एटीएम से 44 हजार रुपये निकलवाए और उन्हें राजनगर के पास टैक्सी से फेंककर भाग निकले।
विज्ञापन


मनीष टंडन गंज बाजार मेरठ कैंट के रहने वाले हैं। नोएडा सेक्टर-63 स्थित एक एक्सपोर्ट कंपनी में मैनेजर हैं। उन्होंने बताया कि बुधवार रात करीब साढ़े आठ बजे वह कंपनी से मेरठ जाने के लिए निकले थे।

ऑटो से मोहन नगर पहुंचकर टैक्सी का इंतजार कर रहे थे। तभी सफेद रंग की कार के ड्राइवर ने मेरठ-मेरठ की आवाज लगाई। वह टैक्सी समझकर कार में बैठ गए। कार में ड्राइवर के अलावा एक युवक आगे और दो युवक पीछे पहले से बैठे थे।
विज्ञापन


कार मोहन नगर से कुछ ही आगे निकली थी कि पीछे बैठे एक बदमाश ने उनकी कनपटी पर तमंचा लगा दिया। विरोध करने पर उनके साथ मारपीट की। मनीष ने बताया कि बदमाशों ने उनका पर्स लूट लिया, मगर उसमें नगदी नहीं थी।

इसके बाद बदमाश कार को मुरादनगर ले गए, जहां करीब साढ़े 10 बजे उनसे एटीएम से 19 हजार रुपये निकलवाए। एटीएम की लिमिट सिर्फ 25 हजार थी और वह बुधवार दोपहर में ही छह हजार रुपये निकाल चुके थे।

और रुपये निकालने के लिए बदमाश उन्हें करीब डेढ़ घंटे तक कार में घुमाते रहे। करीब सवा 12 बजे राजनगर के पास एक एटीएम से 25 हजार रुपये और निकलवाए। एटीएम से पैसे निकालने के दौरान बदमाश मुंह पर कपड़ा लपेट लेते थे, ताकि उनकी तस्वीर सीसीटीवी कैमरों में न आए।

इसके बाद उनके मोबाइल की बैटरी निकालकर फेंक दी और उन्हें 200 रुपये दिए। धमकी दी कि शोर मचाया तो गोली मार देंगे। उन्हें मेरठ तिराहे के पास सुनसान जगह फेंककर फरार हो गए। मनीष ने बताया कि राहगीरों की मदद से परिजनों से संपर्क कर घर पहुंचे।

बृहस्पतिवार दोपहर उन्होंने थाना साहिबाबाद पहुंचकर मामले की शिकायत दी। एएसपी आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि जल्द ही बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।

‘हम लुटेरे हैं, शोर मचाया तो जान भी ले लेंगे’
मनीष ने बताया कि उन्होंने कई बार पुलिस चौकी देखकर शोर मचाने की कोशिश भी की। मगर बदमाशों ने उनकी पिटाई कर उनकी आवाज दबा दी। कहा कि हम लुटेरे हैं, शोर मचाया तो जान भी ले लेंगे। जब उन्हें कार से धक्का दिया तो उन्होंने नंबर देखना चाहा, मगर कार पर नंबर प्लेट ही नहीं थी।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें