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भंडाफोड़: मुर्गी फार्म में बनाए जा रहे थे अवैध हथियार

Fri, 03 Feb 2017 10:49 PM IST
ब्यूरो , अमर उजाला गाजियाबाद
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weapons - फोटो : अमर उजाला
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क्राइम ब्रांच ने मोदीनगर पुलिस के सहयोग से मुर्गी फार्म में चल रहे अवैध हथियार बनाने के गोरखधंधे का भंडाफोड़ किया है। मुनव्वर माना गैंग के दो असलहा तस्करों को गिरफ्तार कर इनसे दो बंदूक, एक तमंचा, 23 कारतूस, एक पिस्टल मैगजीन और हथियार बनाने केऔजार बरामद हुए हैं।
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यह गैंग उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के दौरान गड़बड़ी फैलाने के उद्देश्य से असलहे बना रहा था।शुक्रवार को एसएसपी दीपक कुमार ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि पकड़े गए आरोपियों में इरशाद उर्फ काढी निवासी तितरवाड़ा, कैराना शामली और इमरान निवासी कस्बा गंगोह सहारनपुर हैं। इन्हें बृहस्पतिवार रात बाबू गार्डन कालोनी में खंडहर पड़े मुर्गी फार्म से दबोचा गया।

ये दोनों वेस्ट यूपी में डकैती डालने वाले मुनव्वर माना उर्फ एमपी और फुरकान निवासी शामली गैंग के सदस्य हैं। इरशाद मुनव्वर का भाई और इमरान उसका साला है। गैंग में 15-20 सदस्य रहते हैं, जो मुंगेर की तर्ज पर उच्च कोटि के अवैध असलहे तैयार कर उन्हें पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में संगठित अपराधियों को सप्लाई करते हैं।
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10 हजार के इनामी शाहिद लंगडा समेत नौ आरोपी फरार हैं।कप्तान ने बताया कि असलहों का चुनाव में इस्तेमाल हो सकता था, इससे इंकार नहीं किया जा सकता। इसकी जांच कराई जा रही है। दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर फिर से पूछताछ की जाएगी, ताकि इनकेगैंग के अन्य सदस्यों तक पहुंचा जा सके।

बता दें कि इस गैंग के मास्टर माइंड मुनव्वर ने 31 जनवरी को शामली के कैराना न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया था, जबकि गैंग के छह सदस्यों को क्राइम ब्रांच ने 18 जनवरी को गिरफ्तार कर बने-अधबने अवैध असलहे बरामद किए थे। इनकेअलावा 13 जनवरी को मसूरी पुलिस ने भी अवैध हथियारों की खेप पकड़ी थी।

तीन से लेकर 70 हजार तक बेचते थे असलहे
बंदूक की कीमत- 30 से 50 हजार रुपये

तमंचे की कीमत- 3 से 8 हजार रुपये
पिस्टल की कीमत- 35 से 70 हजार रुपये

ऑन डिमांड हथियार बनाता है गैंग
अवैध हथियार तैयार कर उनकी ऑन डिमांड सप्लाई करने वाला यह गैंग कई सालों से इस धंधे में लगा हुआ है। इन्हें इतनी बड़ खेप तैयार करने के लिए किसने ऑर्डर दिया था, उसके बारे में भी जानकारी की जा रही है। सुरागरसी के लिए इनके मोबाइल फोन की कॉल डिटेल और इनकीडायरी भी खंगाली जाएगी।
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