इंदिरापुरम की नहर रोड पर ऑडी कार और ऑटो की टक्कर में चार लोगों की मौत के मामले में ऑडी मालिक डॉक्टर मनीष को बचाने के लिए नया रास्ता ढूंढा जा रहा है। सूत्रों की मानें तो फर्जी दस्तावेज लगाकर कोर्ट में पेश होने वाले इम्तियाज कादरी को मुख्य आरोपी बनाया जा सकता है।
इसके लिए बरेली में इम्तियाज की पत्नी से कुछ शपथ पत्रों पर हस्ताक्षर करवाए जा रहे हैं।27 जनवरी की रात तेज रफ्तार ऑडी कार ने इंदिरापुरम नहर रोड पर ऑटो में टक्कर मार दी थी। घटना में महिला समेत चार लोगों की जान गई थी। मरने वालों में तीन कानपुर के रहने वाले थे।
घटना के बाद कार मालिक फरार हो गया था। चार दिन बाद एक युवक ने खुद को ऑडी ड्राइवर इशहाक बताकर गाजियाबाद कोर्ट में सरेंडर किया था। बाद में पता चला कि वह युवक इम्तियाज कादरी निवासी बरेली है और इशहाक के फर्जी लाइसेंस पर उसने कोर्ट में सरेंडर किया है।
इसके बाद पुलिस ने ऑडी मालिक, इम्तियाज और राजकुमार पर धोखाधड़ी और गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की थी। सूत्रों की मानें तो मामले में अब पुलिस इम्तियाज को मुख्य आरोपी बनाने की तैयारी में है। पीड़ितों के परिजनों का आरोप है कि बरेली में रह रही इम्तियाज की पत्नी से कुछ लोगाें ने शपथ पत्र पर हस्ताक्षर करवाए हैं।
इन शपथ पर लिखवाया गया है कि ऑडी इम्तियाज चला रहा था। परिजनों का आरोप है कि पुलिस इम्तियाज और राजकुमार को मुख्य आरोपी बनाकर डॉक्टर को जमानत दिलवाना चाहती है। यही कारण है कि पुलिस ने अभी तक कोर्ट में केस डायरी भी जमा नहीं की है।
उधर, क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर एससी बेलवाल का कहना है कि मामले की तथ्यपरक जांच की जा रही है। जांच में किसी प्रकार की गड़बड़ी नहीं है। आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।