गाजियाबाद। विजयनगर के प्रताप विहार में स्थित पंडित सुंदर लाल अस्पताल के दो निदेशकों सहित चार चिकित्सकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन और चिकित्सकों की लापरवाही उनकी पत्नी की मौत हो गई। विजयनगर पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
एसीपी नगर कोतवाली रितेश त्रिपाठी ने बताया कि प्रताप विहार के सेक्टर 12 में रहने वाले आयुष कौशिक के मुताबिक उन्होंने अपनी पत्नी साक्षी शर्मा को प्रसव पीड़ा के दौरान मई 2025 में पंडित सुंदर लाल अस्पताल में भर्ती कराया। जहां प्रबंधन और चिकित्सकों ने अच्छी देखरेख में शिशु को जन्म दिलाने का आश्वासन दिया। प्रसव पीड़ा होने पर उनकी पत्नी ने ऑपरेशन के जरिये एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। इसके बाद उनकी पत्नी की तबियत बिगड़ती चली गई। डॉ. सोनम कौशिक से प्रसूता की तबियत खराब होने की शिकायत की तो उन्होंने टांकों से दर्द होना बताया।
जबकि उनकी पत्नी को लगातार दो उल्टी हुई और रक्तचाप गिरता रहा। बावजूद भी उनकी पत्नी का उपचार नहीं किया गया। छह मई 2025 को 1.10 बजे उनकी पत्नी का रक्तचाप मशीन में दर्ज नहीं हो पा रहा था। करीब तीन बजे चिकित्सकों ने प्रसूता की तबीयत अधिक खराब होने की बात कहकर जबरन यशोदा अस्पताल में रेफर कर दिया। डीसीपी धवल जायसवाल ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज की गई है।