लोनी। इकराम नगर कॉलोनी में रहने वाले सिलाई फैक्टरी कारोबारी शमीम से साइबर ठगों ने उन्हीं की फैक्टरी का कारीगर बन 60 हजार रुपये की ठगी कर ली। वीजा रद्ध होने और इमीग्रेशन पर पकड़े जाने की बात कहकर ठगों ने रुपये खाते में ट्रांसफर कराए। पुलिस ने चार अक्तूबर की रात कारोबारी की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की है।
दर्ज मुकदमे में शमीम ने बताया कि घर के पास ही उनका सिलाई का कारखाना है। उनका कारीगर कियामुद्दीन सऊदी अरब गया हुआ है। उनके फोन पर वाट्सएप नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को कारखाने का कारीगर बताया।
उसने कहा कि सऊदी से कोई सामान मंगवाना हो तो बता दें। बात कर रहे व्यक्ति ने कारोबारी के खाते में पांच लाख रुपये डालने और भारत लौटने पर उनसे रुपये वापस लेने की बात कही। कुछ देर बाद ठग ने बैंक अधिकारी बनकर कॉल की और बैंक खाते में पांच लाख रुपये आने का झूठ कहा। पीड़ित ने बताया कि कुछ समय बाद ठग की दोबारा कॉल आई और उसने वीजा रद्ध होने की वजह से इमीग्रेशन पर पकड़े जाने की बात कही। साथ ही दो लाख रुपये भी मांगे। कारोबारी ने दो बार में उसके बताए बैंक खाते में 60 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। अगले दिन जब कारोबारी ने कॉल की तब आरोपी ने खुद को सुरक्षित बताते हुए वापस न लौटने की बात कही और तब ठगी का पता चला। एसीपी लोनी सिद्धार्थ गौतम ने बताया कि जिस नंबर से कॉल आई थी उसे ट्रेस किया जा रहा है लेकिन वह बंद है। सर्विलांस टीम मामले की जांच कर रही है।