फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गाजियाबाद में बड़ी वारदात: भाई-बहन ने खाया जहर, अविनाश आईबी में था तैनात; अंजली करती थी प्राइवेट जॉब

Thu, 31 Jul 2025 10:50 PM IST
विकास कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गाजियाबाद

सार

परिजनों ने पड़ोसियों को सूचना दी और दोनों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।
विज्ञापन
इसी खबर में रहते थे दोनों - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

यूपी के गाजियाबाद स्थित कविनगर थाना क्षेत्र की गोविंदपुरम में रहने वाले अविनाश कुमार (28) और उनकी बहन अंजली (25) ने गुरुवार की शाम करीब पांच बजे संदिग्ध अवस्था में जहरीला पदार्थ खा लिया। घर पहुंची दोनों की मां ने कमरा बंद देखा तो पड़ोसियों को बुलाया और दरवाजा काटकर बेहोशी की हालत में बाहर निकाला। पड़ोसी उन्हें सर्वोदय अस्पताल में लेकर पहुंचे जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। हालांकि पुलिस ने अस्पताल के मीमो के आधार पर दोनों के शवों को मेडिकल परीक्षण के लिए भेज दिया है। परिजनों ने पुलिस कार्यवाही से इनकार किया है।  

विज्ञापन

 

Trending Videos

पड़ोसियों ने दरवाजा काटकर दोनों के शव बाहर निकाले
गोविंदपुरम कॉलोनी के मकान संख्या एच-352 निवासी अविनाश कुमार सिंह जो इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) दिल्ली में कार्यरत थे और निजी कंपनी में नौकरी करने वाली उनकी बहन अंजली ने गुरुवार की शाम घर के एक कमरे में जहरीला पदार्थ खा लिया। शाम करीब पांच बजे उनकी मां घर पहुंची और दोनों बच्चों को घर में न देख फोन किया। मोबाइल बंद कमरे में बजता मिला। मां ने कमरे का दरवाजा खोलने का प्रयास किया लेकिन वह अंदर से बंद था। शोर मचाने पर पड़ोसी मौके पर पहुंचे और दरवाजा काटकर कमरे में दाखिल हुए। जहां दोनों भाई-बहन बेहोशी की हालत में पड़े दिखे। आनन-फानन में दोनों को सर्वोदय अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। 

नहीं मिला सुसाइड नोट
अस्पताल प्रबंधन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों के शवों का पंचनामा भरकर मेडिकल परीक्षण के लिए भेज दिया। एसीपी कविनगर भास्कर वर्मा ने बताया कि पीड़ित परिजनों ने पुलिस कार्यवाही से इनकार किया है। बताया कि चिकित्सकों के अनुसार दोनों ने सल्फास खाया है और अस्पताल पहुंचने से पूर्व ही दोनों की मौत हो चुकी थी। मौके से कोई सुसाइड नोट भी बरामद नहीं हुआ है।
विज्ञापन

मां अध्यापिका तो पिता सीएसआईआर में
मृतक अविनाश के चाचा अजीत कुमार ने बताया कि उनका परिवार मूल रूप से जनपद हापुड़ के अयादनगर गांव निवासी हैं। उनका बड़ा भाई सुखवीर सिंह करीब 30 वर्ष पूर्व गोविंदपुरम में आकर बस गए थे। भतीजे अविनाश और भतीजी अंजली का जन्म गोविंदपुरम में ही हुआ है। अविनाश कुमार सिंह इंटेलीजेंस ब्यूरो में दिल्ली की चाणक्यपुरी में तैनात थे जबकि अंजली एक निजी कंपनी में जॉब करती थी। इनके पिता सुखबीर सिंह वैज्ञानिक और औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) में तैनात हैं और मां सरकारी अध्यापिका हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें