एनआरएचएम घोटाले में फंसे बहराइच के पूर्व सीएमओ और फार्मासिस्ट ने बृहस्पतिवार को सीबीआई कोर्ट में सरेंडर कर दिया। विशेष न्यायाधीश पवन कुमार तिवारी ने दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में डासना जेल भेज दिया।
बता दें कि एनआरएचएम घोटाले के आरोपियों के सरेंडर करने का सिलसिला इन दिनों जारी है। बृहस्पतिवार को बहराइच में वर्ष 2009-10 के दौरान तैनात रहे सीएमओ डा. हरी प्रकाश और फार्मासिस्ट ज्ञान बिहारी तिवारी अपने-अपने अधिवक्ताओं को लेकर सरेंडर कर दिया।
सीबीआई के वरिष्ठ लोक अभियोजक बीके सिंह ने बताया कि बहराइच में एनआरएचएम के फंड से सरकारी अस्पताल के लिए खरीदी गई दवाइयों और मेडिकल किट में लाखों का घोटाला किया गया था। इस मामले में सीबीआई पूर्व में ही चार्जशीट कोर्ट में पेश कर चुकी है।
उधर, एनआरएचएम के ही एक मामले में लखनऊ के दवा कारोबारी जगमग श्रीवास्तव के परिजनों की अर्जी पर बृहस्पतिवार को सुनवाई हुई। परिजनों का कहना था कि जगमग की पूर्व में मृत्यु हो चुकी है, ऐसे में उनके खिलाफ चलाया जा रहा केस बंद किया जाए। बहस पूरी होने के बाद सीबीआई विशेष न्यायाधीश ने जगमग के खिलाफ केस बंद करने का आदेश जारी कर दिया।