गाजियाबाद। सर्दी बढ़ने के साथ ही बच्चे निमोनिया और कोल्ड डायरिया के गिरफ्त में आने लगे हैं। दोनों जिला अस्पतालों की ओपीडी में रोजाना 25-30 बच्चे निमोनिया और डायरिया से पीड़ित पहुंच रहे हैं। हालत गंभीर होने वाले बच्चों को वार्ड में भर्ती कर उपचार दिया जा रहा है।
दोनों जिला अस्पतालों की ओपीडी में शुक्रवार को कुल 2817 मरीज पहुंचे। जिसमें से 472 बच्चे शामिल रहें। इसमें से निमोनिया, कोल्ड डायरिया सहित बुखार के मरीज शामिल रहे। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ.अर्चना सिंह ने बताया कि सर्दी का मौसम बच्चों के लिए बेहद खतरनाक है। जरा-सी लापरवाही में बच्चे निमोनिया, कोल्ड डायरिया, सर्दी, जुकाम व बुखार की चपेट में आ जाते हैं। उन्होंने बताया कि निमोनिया सांस से जुड़ी बीमारी है। इसमें फेफड़ों में संक्रमण हो जाता, जिससे सूजन आ जाती है। कई बार पानी भी भर जाता है। पांच साल से छोटे बच्चों को इससे खतरा अधिक रहता है। शुरुआत में बच्चों को सर्दी एवं खांसी की समस्या होती है। समय पर ध्यान नहीं देने पर बच्चे निमोनिया की गिरफ्त में आ जाते हैं।