400 केवी सबस्टेशन शुरू होने के बाद भी लोगों को बिजली की समस्या से निजात नहीं मिलने वाली है। कालोनियों में बने 33केवी सबस्टेशन पर ओवरलोडिंग की समस्या बनी रहेगी। पावर कारपोरेशन के डिस्ट्रिब्यूशन विभाग द्वारा कई कालोनियों में प्रस्तावित 33केवी सबस्टेशन के लिए जमीन नहीं मिल पा रही है।
काफी समय से अधिकारी संबंधित विभाग से बात कर रहे हैं, लेकिन कोई समस्या का हल नहीं निकल रहा है। पावर कारपोरेशन ने 400केवी सबस्टेशन शुरू होने से पहले वैशाली, वसुंधरा, डेल्टा कालोनी, औद्योगिक क्षेत्र, अर्थला, डीएलएफ, हर्षा कंपाउंड आदि इलाके में करीब 13 सबस्टेशन बनाने की योजना बनाई थी।
इसके लिए पावर कारपोरेशन के अधिकारियों ने जीडीए, नगर निगम, आवास विकास और यूपीएसआइडीसी के अधिकारियों से जमीन के लिए बात की थी, लेकिन अभी तक जमीन नहीं मिली है। इस वजह से प्रस्तावित सबस्टेशनों का काम शुरू नहीं हो सका है।
ऐसे में 400 केवी सबस्टेशन शुरू होने के बाद भी लोगों को बिजली की समस्या से जूझना होगा। कालोनियों में बने 33केवी सबस्टेशन पर ओवरलोड कम नहीं होगा। ऐसे में लोगों को आए दिन लोकल फाल्ट और ब्रेकडाउन की समस्या से बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा।
अधीक्षण अभियंता एमसी शर्मा ने बताया कि जमीन को लेकर अधिकारियों से बातचीत की जा रही है। जमीन मिलने के बाद ही सबस्टेशन का काम शुरू होगा।
डीएम से मुलाकात करेंगे पावर कारपोरेशन के अधिकारी
जीडीए, नगर निगम, आवास विकास और यूपीएसआइडीसी की तरफ से सही रिस्पांस नहीं मिलने से पावर कारपोरेशन अधिकारी परेशान हैं। अधिकारियों ने अब डीएम से मिलने का निर्णय लिया है। अधिकारी डीएम से मिलकर सबस्टेशनों के लिए जमीन की मांग करेंगे।