- करोल बाग में मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान चलाने वाले दो रिसीवर लगा देते थे ठिकाने
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। उत्तरी जिले के एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वायड (एएटीएस) ने एक ऐसे गिरोह का खुलासा किया जो चोरी की बाइक पर मोबाइल फोन लूटते थे। बाद में मोबाइल के रिसीवर इनका लॉक तोड़कर बेच देते थे। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को पकड़ा है। इनमें दो झपटमार और दो मोबाइल के रिसीवर हैं।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान गौरव उर्फ किशन (33), वरुण कश्यप उर्फ चिंटू (27), हामिद (32) और किशन किशोर उर्फ शिवम (24) के रूप में हुई है। गौरव व वरुण मोबाइल झपटकर हामिद व शिवम को बेच देते थे। हामिद व शिवम इन मोबाइल फोन को अनलॉक करने के बाद उनको अच्छे दामों में बेच देते थे।
पकड़े गए आरोपियों के पास से चोरी के कुल 52 मोबाइल फोन, चोरी की दो बाइक बरामद हुई है। इनकी गिरफ्तारी से मोबाइल व बाइक चोरी के छह मामले सुलझे हैं। छानबीन के दौरान पुलिस को पता चला कि गौरव 25 आपराधिक मामलों में शामिल रहा है। इसके अलावा वरुण के खिलाफ भी तीन मामले पहले से दर्ज हैं।
उत्तरी जिले के पुलिस उपायुक्त राजा बांठिया ने बताया कि 21 सितंबर को सूचना मिली थी कि बड़ी संख्या में चोरी के मोबाइल लेकर तीन से चार बदमाश चोरी की बाइक पर दया बस्ती रेलवे यार्ड के पास आने वाले हैं। एएटीएस की टीम ने जाल बिछा कर उनको दबोच लिया।
आरोपियों के पास से बैग में 52 मोबाइल फोन बरामद हुए। पता चला कि गौरव और वरुण ने कुछ माह पूर्व बाइक चोरी की थीं। इनका इस्तेमाल झपटमारी के लिए किया जाता था। वहीं हामिद और किशन करोल बाग में मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान चलाते हैं। वहां इन मोबाइल फोन को अनलॉक करने के बाद उनको बेचा जाता था। आरोपियों ने खुलासा किया है कि वह खुद कभी कोई मोबाइल फोन इस्तेमाल नहीं करते थे।