-पतंगबाजी का उत्साह लोगों में खूब रहता है, लेकिन इस दौरान मांझे से हाथ, गर्दन, चेहरे और शरीर के दूसरे हिस्सों में चोट लगने का खतरा भी रहता है
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
स्वतंत्रता दिवस पर पतंगबाजी का उत्साह रहता है, पर मांझे से चोट का खतरा भी है। खासकर बाइक या स्कूटर चालकों के लिए पतंग की डोर गंभीर खतरा बन सकती है। डॉक्टरों ने इन हादसों से बचने के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी है। डॉक्टरों के अनुसार, पतंग उड़ाते समय तेज धार वाले मांझे का उपयोग न करें। ऐसी डोर से हाथ, उंगलियों, गर्दन और चेहरे पर गहरे कट लग सकते हैं। पतंग हमेशा खुली और सुरक्षित जगह पर ही उड़ाएं। सड़क, बिजली की लाइन और भीड़भाड़ वाले स्थानों से दूर रहना चाहिए। छत पर पतंग उड़ाते समय बच्चों पर विशेष ध्यान रखें। छत की मुंडेर के पास खड़े होकर पतंग उड़ाने से बचें। सड़क पर बाइक या स्कूटर चलाते समय भी सावधानी बरतना जरूरी है। रास्ते में लटकती डोर दिखने पर उससे दूरी बनाकर निकलें।
मांझे से चोट लगने पर क्या करें : यदि मांझे से मामूली कट लगे तो घाव को साफ पानी से धोएं। साफ कपड़े या गॉज से हल्का दबाव बनाकर खून रोकने का प्रयास करें। घाव को साफ रखने के बाद उसे ढक दें। गहरे कट या लगातार खून बहने पर तुरंत अस्पताल जाएं। गर्दन, आंख, चेहरे या संवेदनशील हिस्से में चोट पर डॉक्टर को दिखाना चाहिए। घाव में फंसी डोर या कोई चीज जबरदस्ती न खींचें।