यह था पूरा मामला
यह मामला 18 जनवरी 2023 को शुरू हुआ था और इसमें कई महत्वपूर्ण घटनाक्रम हुए। करीब 30 पहलवानों ने भारतीय कुश्ती महासंघ के तत्कालीन अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ जंतर मंतर पर धरना दिया। विनेश फोगाट, साक्षी मलिक और बजरंग पूनिया इनमें शामिल थे। बृजभूषण पर पहलवानों ने यौन शोषण के गंभीर आरोप लगाए थे। खेल मंत्रालय ने उसी समय एक समिति का गठित की थी।
- 21 अप्रैल 2023 को दिल्ली पुलिस को नाबालिग समेत सात महिला पहलवानों ने यौन शोषण की शिकायत दी थी। इसके बाद पहलवानों ने उच्चतम न्यायालय का भी रुख किया था।
- चार मई 2023 को उच्चतम न्यायालय में मामले की सुनवाई हुई। अदालत ने महिला खिलाड़ियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे।
- 28 मई 2023 को नए संसद भवन के उद्घाटन के दौरान पहलवानों ने इस मामले को लेकर जुलूस निकाला। दिल्ली पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया था।
- 30 मई 2023 को पहलवान अपने पदक बहाने हरिद्वार पहुंचे। अधिकारियों के समझाने पर उन्होंने अपना फैसला टाल दिया था।
- सात जून 2023 को केंद्रीय खेल मंत्री और पहलवानों के बीच एक बैठक हुई थी।