घर की जिम्मेदारियों के साथ रंग-बिरंगे सूट, दुपट्टे और होम डेकोर आइटम कर रहीं तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। महिलाएं अब पारंपरिक हस्तकला को केवल शौक तक सीमित नहीं रख रही हैं, बल्कि इसे आत्मनिर्भरता का मजबूत साधन बना रही हैं। घर की जिम्मेदारियों के साथ संतुलन बनाते हुए महिलाएं अपने खाली समय में रेशम के धागों और रंग-बिरंगे डिजाइन से सूट, दुपट्टे और होम डेकोर आइटम तैयार कर रही हैं।
पल्ला निवासी अनीता का कहना है कि हस्तकला से जुड़ने के बाद उन्हें न सिर्फ आर्थिक लाभ हुआ है, बल्कि आत्मविश्वास भी बढ़ा है। वहीं तिगांव निवासी उर्मिला का कहना है कि घर से काम करने की सुविधा ने उन्हें परिवार संभालने के साथ-साथ खुद को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने का अवसर दिया है।
महिलाओं द्वारा बनाए जा रहे इन उत्पादों की स्थानीय बाजारों में अच्छी मांग देखने को मिल रही है। सूट, दुपट्टे और होम डेकोर आइटम अपनी खास डिजाइन और हाथ की कारीगरी के कारण ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं। इससे महिलाओं का आत्मविश्वास भी बढ़ा है और उन्हें समाज में नई पहचान मिल रही है।
महिलाओं का कहना है कि यदि इस तरह के प्रयासों को और बढ़ावा मिले तो यह क्षेत्र बड़ी संख्या में महिलाओं के लिए रोजगार और आत्मनिर्भरता का मजबूत माध्यम बन सकता है।