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Faridabad News: बारिश से मौसम हुआ सुहाना, जलभराव ने किया परेशान

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शहर के अलग-अलग इलाकों में रुक-रुककर बारिश हुई, जिससे अजरौंदा चौक, सेक्टर-22, 23 चौक पर जलभराव हो गया
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अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। जिले के मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव की स्थिति बनी हुई है। बारिश से मौसम सुहाना हो गया। लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली। वहीं, बारिश से अजरौंदा चौक, सेक्टर-22-23 चौक पर जलभराव हो गया। इससे नौकरी पेशा लोगों को काफी परेशानी हुई। इस दौरान तापमान में दो डिग्री की कमी दर्ज की गई। सोमवार को अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

पिछले कुछ दिनों से शहर का मौसम परिवर्तनशील बना हुआ है। सुबह बारिश होती है तो दिन में धूप निकल आती है। यही स्थिति दो दिन से देखने को मिल रही है। रविवार को सुबह बारिश के बाद दिन में तेज धूप खिली। सोमवार को दिन में धूप खिली रही, शाम को कुछ इलाकों में तेज बारिश हुई, जिससे मौसम सुहाना हो गया। इस दौरान पार्कों और मॉल में लोगों ने बच्चों साथ जमकर मस्ती की और मौसम का लुत्फ उठाया।
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वायरल बीमारियों का बढ़ा प्रकोप
मौसम में बदलाव के साथ वायरल बीमारियों का प्रकोप बढ़ने लगा है। इसमें खांसी, जुकाम, गला खराब होना, बुखार, उल्टी, दस्त के रोगियों की संख्या अधिक है। ऐसे में डॉक्टरों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। जिले में एक सप्ताह पहले अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। इसके बाद तापमान में लगातार गिरावट देखने को मिली। दो दिन से रुक-रुककर हो रही बारिश से तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट देखने को मिली।
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अस्पताल में बढ़ी मरीजों की संख्या
तापमान में उतार-चढ़ाव के बीच अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ गई है। बीके नागरिक अस्पताल में पांच दिन पहले तक रोजाना की ओपीडी 1500 होती थी, जो अब बढ़कर 2600 तक पहुंच गई है। इनमें वायरल इंफेक्शन के करीब 150 मरीज शामिल हैं। एनआईटी-3 स्थित ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल की रोजाना की ओपीडी पहले 4500 होती थी। यह अब बढ़कर करीब 5500 पहुंच गई। हालात ये हैं कि सुबह इलाज के लिए डॉक्टरों की ओपीडी में पहुंचे मरीजों का दोपहर बाद भी नंबर नहीं आया। इससे मरीजों को काफी परेशानी हुई। इसी तरह निजी अस्पताल की ओपीडी में इजाफा हुआ है। इनमें अधिकांश मरीज जुकाम, खांसी और अस्थमा की शिकायत के शामिल हैं, साथ ही बच्चे और बुजुर्गों की संख्या ज्यादा है। ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. प्रवीण मलिक ने बताया कि मौसम में बदलाव होने से इम्यूनिटी काफी तेजी से कम होती है। सुबह-शाम के मौसम में नमी होने के कारण मौसम में मौजूद संक्रमण शरीर पर हमला कर देते हैं। इसमें सबसे पहले अपर रिस्पेरेक्ट्री इंफेक्शन (यूआरआई) और लोअर रेस्पेरेक्ट्री इंफेक्शन हो जाता है जिससे व्यक्ति हो खांसी, जुकाम और गला जाम होने की समस्या हो जाती है। इसलिए लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है।
सावधानियां
भीड़भाड़ वाली जगह पर जाने से बचें
बार-बार हाथ को नाक पर न लगाएं, इससे हाथ के इंफेक्शन नाक से शरीर में जाता है।
कुछ भी खाने से पहले साबुन से हाथ जरूर धोएं।
ज्यादा देर से रखा हुआ भोजन न करें। गर्मी के मौसम में भोजन जल्दी खराब हो जाता है।
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