दोनों के खिलाफ 2017 से चल रहा था मुकदमा
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। पशु तस्करी और पुलिस टीम को वाहन से कुचलने के प्रयास के मामले में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सुरेंद्र कुमार की अदालत ने मोरमल उर्फ लुक्का और मोसिन को दोषमुक्त कर दिया। दोनों के खिलाफ 2017 से मुकदमा चल रहा था। 25 अगस्त को अदालत ने फैसला सुनाते हुए दोनों को लगाए गए आरोपों से दोषमुक्त कर दिया। मामला चार मार्च 2017 का है।
वाइल्ड लाइफ क्राइम सेल के अधिकारी को सूचना मिली थी कि मेवात की पहाड़ियों में 15 ऊंट और पांच गायों का वध किया गया है। सूचना के आधार पर पुलिस ने कथित तौर पर पशुओं के मांस को ट्रक के जरिये गाजियाबाद ले जाने की जानकारी मिलने पर ट्रक को रोकने का प्रयास किया था। ट्रक चालक ने पुलिस टीम को वाहन से कुचलने का प्रयास किया। पीछा करने के दौरान ट्रक खराब हो गया और उसमें सवार लोग मौके से भाग गए। जांच के दौरान मोरमल उर्फ लुक्का को 17 नवंबर 2017 को गिरफ्तार किया गया था। मोसिन को 28 दिसंबर 2017 को गिरफ्तार किया गया था।
25 अगस्त को मामले में बचाव पक्ष की ओर से कोई गवाह पेश नहीं हुआ। दोनों ने संयुक्त बयान देकर बचाव साक्ष्य बंद कर दिया। इसके बाद अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं और फैसला सुनाया। अदालत ने मोरमल उर्फ लुक्का और मोसिन को उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों से दोषमुक्त कर दिया। दोनों के जमानत और जमानती मुचलके समाप्त कर दिए गए।