बल्लभगढ़। शहर के बनियावाड़ा निवासी बिल्डर ने अपने घर की छत पर बने स्टोर रूम में फंदा लगाकर जान दे दी। बिल्डर नरेश गोयल की जेब से सुसाइड नोट बरामद हुआ है। जिसमें बिल्डर ने शहर के दो लोगों को मौत का जिम्मेदार ठहराया है। दोनों की शहर में अच्छी खासी पहचान है। दोनों पर करोड़ों की धोखाधड़ी का आरोप लगा है। रविवार को नरेश गोयल (45) के बेटे अंकित गोयल की शिकायत पर पुलिस ने आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर लिया है।
बनिवाड़ा निवासी अंकित गोयल ने पुलिस को बताया कि वह पिता नरेश गोयल के साथ बिल्डर का काम करता है। शनिवार दोपहर करीब 3 बजे से उसके पिता घर से गायब थे। काफी ढूंढने के बाद उसने अग्रसेन चौक पुलिस चौकी में गुमशुदगी की सूचना दे दी। रविवार सुबह वह अपनी छत पर गया तो देखा कि सीढ़ियों के दरवाजे की कुंडी अंदर की तरफ से लगी हुई थी। अंकित पड़ोसी की छत से अपनी छत पर गया। छत पर बने स्टोर रूम का दरवाजा खुला था और उसके पिता का शव फंदे पर लटका हुआ था। अंकित ने तुरंत मामले की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने शव को फंदे से उतारा और कपड़ों की तलाशी ली। मृतक की जेब से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। जिसमें बिल्डर ने तेजपाल यादव व देवेंद्र गुप्ता को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया है। अंकित ने दोनों आरोपियों से अपने परिवार की जान का खतरा भी बताया है। थाना हर प्रभारी सुदीप कुमार ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। मृतक के बेटे की शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
अंकित ने बताया कि उसके पिता ने परेशानी की हालात में बताया था कि वह अहिरवाड़ा निवासी तेजपाल यादव और सेक्टर-15 निवासी देवेंद्र गुप्ता से काफी परेशान हैं। आरोप है कि तेजपाल यादव ने उनकी जीवन भर की कमाई को धोखे से हड़प ली थी। जमीन के एवज मे करोड़ों रुपये लेने के बाद भी जमीन उनके नाम नहीं की और पैसे भी नहीं लौटाए। पैसे मांगने पर तेजपाल उन्हें डराता धमकाता था।