फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Faridabad News: जिले की चार पीएचसी में एम्बुलेंस की व्यवस्था नहीं

विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

नूंह। जिला नूंह के तावडू क्षेत्र के मोहम्मदपुर अहीर, जौरासी, बीसरु और बिछौर गांवों में स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) वर्षों से गंभीर अव्यवस्थाओं का सामना कर रहे हैं। इन चारों पीएचसी में आज तक स्वास्थ्य विभाग द्वारा एम्बुलेंस जैसी मूलभूत सुविधा भी लोगों को उपलब्ध नहीं कराई गई है, जिससे क्षेत्र के लोगों खासकर गर्भवती महिलाओं और गंभीर मरीजों को आपातकालीन स्थिति में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
लोगों का कहना है कि बिछौर और बीसरु स्थित पीएचसी में न केवल एम्बुलेंस की कमी है, बल्कि डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ और आवश्यक दवाओं का भी अभाव बना हुआ है। इससे ग्रामीणों को मामूली इलाज के लिए भी निजी अस्पतालों की ओर रुख करना पड़ता है, जो आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बड़ी समस्या है। उन्होंने मांग की कि चारों पीएचसी में तत्काल प्रभाव से एम्बुलेंस उपलब्ध कराई जाए तथा बिछौर और बीसरु पीएचसी में स्टाफ व दवाओं की पूर्ति सुनिश्चित की जाए।
विज्ञापन

-



- आपातकाल में निजी वाहनों का सहारा लेने को मजबूर ग्रामीण

समाजसेवी मुमताज अली ने इस गंभीर समस्या को लेकर सीएम विंडो में शिकायत देकर आवाज उठाई है। उन्होंने बताया कि एम्बुलेंस न होने के कारण मरीजों को निजी वाहनों, ऑटो या मोटरसाइकिल से अस्पताल ले जाना पड़ता है। कई बार समय पर वाहन न मिलने से जान-माल की हानि का खतरा बना रहता है। गर्भवती महिलाओं के लिए यह स्थिति और भी अधिक चिंताजनक है।
- प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग

शिकायतकर्ता ने जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग से अपील की है कि ग्रामीणों की जान से जुड़ी इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र कार्रवाई की जाए। यदि समय रहते व्यवस्था नहीं सुधारी गई तो किसी बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता।
विज्ञापन


-
वर्जन

हमारे पास 25 एंबुलेंस है जो आबादी के हिसाब से सही हैं। इसके बावजूद विभाग को अतिरिक्त एम्बुलेंस के लिए लिखा जा चुका है। हालांकि कोई एम्बुलेंस की सुविधा मांगता है तो ज्यादातर लोगों के पास समय पर एम्बुलेंस भेज दी जाती है। चार पीएचसी में एम्बुलेंस नहीं है लेकिन संबंधित सीएचसी से एम्बुलेंस मुहैया करा दी जाती है।

सर्वजीत थापर, सिविल सर्जन नूह।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें