बेटों ने रखा भूखे पेट, पुलिस आयुक्त ने कराया भोजन
फरीदाबाद। अपने बेटों और पत्नी की प्रताड़ना से परेशान होकर एक 66 वर्षीय बुजुर्ग मंगलवार सुबह पुलिस आयुक्त कार्यालय न्याय की गुहार लगाने गए थे। बुजुर्ग की व्यथा सुनकर पुलिस आयुक्त कुछ देर के लिए भावुक हो गए। बातचीत के दौरान पता चला कि बुजुर्ग को कई दिनों से भर पेट खाना तक नसीब नहीं हुआ है। यह सुनकर पुलिस आयुक्त ओपी सिंह ने अपने मातहतों को तत्काल बुजुर्ग को खाना खिलवाने के लिए कहा। खाने की थाली नजर के सामने देखकर बुजुर्ग की आंखों से आंसू निकल आएं। बुजुर्ग की पीड़ा सुनने के बाद पुलिस आयुक्त ने संबंधित थाना प्रभारी को पूरे प्रकरण की जांच कर विधिक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
सेक्टर 21 में मुजेसर के रहने वाले 66 वर्षीय लक्ष्मी नारायण अपने पत्नी और बेटों से परेशान हैं। उन्होंने कहा कि वह उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के रहने वाले हैं। उनके दो बेटे और एक बेटी है। 15 वर्ष की आयु में वह फरीदाबाद आ गए थे। फरीदाबाद में उन्होंने कई बड़ी नामी कंपनियों में कार्य किया और साथ ही अधिवक्ता की डिग्री भी हासिल की। उन्होंने अपनी जीवन भर की पूंजी से शहर में दो प्लॉट खरीदे, जो अब उनके दोनों बेटों के नाम पर हैं। बुजुर्ग का आरोप है कि दोनों बेटे उनके साथ आए दिन छोटी मोटी बात को लेकर झगड़ा करते हैं और उन्हें खाना भी नहीं देते हैं। बुजुर्ग ने कहा कि उनकी पत्नी भी बेटों का ही साथ देती है।
इसकी शिकायत लेकर बुजुर्ग मंगलवार को पुलिस आयुक्त कार्यालय गए और अपनी व्यथा पुलिस आयुक्त को बताई। बुजुर्ग ने कहा कि बच्चों ने आज उन्हें ही घर से बेघर कर दिया। बुजुर्ग की व्यथा सुनकर पुलिस आयुक्त ओपी सिंह ने पहले बुजुर्ग को खाना खिलवाया और संबंधित थाना प्रभारी को उनकी समस्या का समाधान करने के निर्देश दिए।