सरकार के निर्देश पर नगर निगम ने 50 प्रतिशत से अधिक विकसित हो चुकी कॉलोनियों के सर्वे का काम पूरा कर लिया है। अब जल्द ही इसकी रिपोर्ट सरकार को भेज दी जाएगी। सरकार इन कॉलोनियों में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना चाहती है। साथ ही कॉलोनियों को नियमित भी कर सकती है।
ज्ञात हो कि राज्य सरकार ने जुलाई 2015 में 50 प्रतिशत से ज्यादा विकसित हो चुकी अवैध कॉलोनियों के सर्वे कराने का ऐलान किया था। इसके बाद शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने जुलाई में नोटिफिकेशन जारी कर सभी नगर निगमों से मौजूद अवैध कॉलोनियों की सर्वे रिपोर्ट तैयार कर सरकार के पास भेजने को कहा था।
इस काम के लिए चार महीने का समय दिया गया था। नवंबर 2015 तक सभी जिलों को अपनी सर्वे रिपोर्ट सरकार के पास भेजनी थी। लेकिन इस काम में नगर निगम पीछे रह गया। निगम ने निजी एजेंसी के जरिए अब 50 प्रतिशत और उससे अधिक विकसित हो चुकी कॉलोनियों का सर्वे कार्य पूरा कर लिया है।
प्राइवेट एजेंसी द्वारा किए गए सर्वे के अनुसार एनआईटी व ओल्ड फरीदाबाद में 21 और बल्लभगढ़ में 13 कॉलोनियों को चिह्नित किया गया है। कुल मिला कर 34 अवैध कॉलोनियां निगम की 1700 एकड़ जमीन पर बसी हुई है। इनकी पूरी रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। जल्द ही सरकार के पास इसे भेज दिया जाएगा।