मुख्यमंत्री ने कहा- यह मेला न सिर्फ स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देगा बल्कि आत्मनिर्भर भारत के संदेश को भी मजबूत करेगा
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। सूरजकुंड दिवाली मेले की शुरुआत बृहस्पतिवार को धूमधाम से हुई। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मेले का शुभारंभ किया। इस अवसर पर सबसे पहले कलाकारों ने श्रीराम स्तुति के साथ हरियाणा, यूपी, गुजरात व मिजोरम आदि प्रदेशों की संस्कृति से जुड़े नृत्य प्रदर्शित किए। सभी ने एक साथ अनेकता में एकता का संदेश दिया। मेले में कुल 467 में से करीब 450 स्टॉल लग चुके हैं । जिन पर स्वदेशी उत्पाद मिल रहे हैं। वहीं खादी व ग्राम उद्योग को खासा बढ़ावा दिया जा रहा है। यह मेला सात अक्तूबर तक चलेगा।
उद्घाटन के दौरान सूरजकुंड पहुंचे सीएम का हरियाणवी परंपरा के तहत पगड़ी पहनाकर स्वागत किया गया। वहीं बंचारी के नगाड़ों और बीन की धुनों ने माहौल को और भी रंगीन बना दिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि यह मेला न सिर्फ स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देगा बल्कि आत्मनिर्भर भारत के संदेश को भी मजबूत करेगा। कार्यक्रम की अध्यक्षता पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने की।
दिवाली गिफ्ट से लेकर सजावट का सामान है मौजूद
मेले में स्टॉलों पर पर्यटक दीयों, झालरों, सजावटी सामान, होम डेकोर, बुटीक, क्रॉकरी, खिलौने, आभूषण, टेराकोटा, गार्डनिंग आइटम और गिफ्ट पैक जैसी चीजें खरीद सकेंगे। बच्चों के लिए भी खिलौनों और रंगीन सजावटी सामान की भरपूर वैरायटी मौजूद है।
रोजाना आयोजित होंगे सांस्कृतिक कार्यक्रम
मेले के सांस्कृतिक मंच पर प्रतिदिन खास प्रस्तुतियां होंगी। पहले दिन मीनू ठाकुर ने कुचिपुड़ी नृत्य पेश किया। तीन अक्तूबर को पलवल के एनजीएफ कॉलेज का फैशन शो और पंजाबी गायक दीपेश राही का कार्यक्रम होगा। पांच अक्तूबर को नूंह के सूफी गायक सलमान अली, छह अक्तूबर को हिमाचल पुलिस बैंड और सात अक्तूबर को समापन समारोह आयोजित किया जाएगा।
फूड जोन बना आकर्षण का केंद्र
खानपान के शौकीनों के लिए फूड जोन में 40 से ज्यादा स्टॉल लगाए गए हैं। यहां बिहार का लिट्टी-चोखा, पंजाब की पिन्नियां, सोहन हलवा और अन्य राज्यों के व्यंजन पर्यटकों को लुभाएंगे। खास बात यह है कि यहां मिलने वाली कुछ मिठाइयां महीनों तक खराब नहीं होतीं।
सुरक्षा और पार्किंग के पुख्ता इंतजाम
मेले में करीब 700 पुलिसकर्मी सुरक्षा में तैनात किए गए हैं। पूरे परिसर को पांच सुरक्षा जोन में बांटा गया है और प्रवेश द्वार पर कड़ी जांच की जा रही है। निःशुल्क पार्किंग की व्यवस्था भी की गई है।
टिकट पर मिल रही छूट
मेले में प्रवेश के लिए 100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। स्कूल के छात्र अपने पहचान पत्र दिखाकर 50 रुपये में प्रवेश कर सकते हैं।
कई बड़ी हस्तियां रहीं मौजूद
इस अवसर पर शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल, खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले राज्य मंत्री राजेश नागर, बल्लभगढ़ के विधायक मूलचंद शर्मा, पर्यटन विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव कला रामचंद्रन, हरियाणा पर्यटन निगम के एमडी डॉ. शालीन, उपायुक्त विक्रम सिंह यादव सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।