जीआरपी ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। घर से ड्यूटी पर निकले एक निजी कंपनी के सुपरवाइजर की ट्रेन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान 30 वर्षीय अमन कुमार के रूप में हुई है। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची जीआरपी ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार अमन कुमार मूल रूप से अलीगढ़ जिले के भीमपुर गांव के रहने वाले थे और वर्तमान में फरीदाबाद के हरिकेश नगर में अपनी पत्नी और बेटियों के साथ रहते थे। अमन एनआईटी क्षेत्र स्थित शुभम टॉवर में एक सर्विस प्रोवाइडर कंपनी में सुपरवाइजर के पद पर कार्यरत थे। 18 दिसंबर की सुबह करीब नौ बजे वह घर से ड्यूटी के लिए निकले थे, लेकिन शाम तक वापस नहीं लौटे।
परिजनों के अनुसार देर शाम तक अमन के घर न पहुंचने पर पत्नी सरिता ने उन्हें फोन किया, लेकिन मोबाइल बंद मिला। इसके बाद परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की लेकिन कोई सुराग नहीं लग सका। शुक्रवार शाम करीब पौने छह बजे तुगलकाबाद के पास जंक्शन केबिन क्षेत्र में सचखंड एक्सप्रेस की चपेट में आने से अमन की मौत हो गई।
जीआरपी जांच अधिकारी संजय कुमार ने बताया कि मृतक के पास से एक पिट्ठू बैग, ऑफिस का पहचान पत्र, विजिटिंग कार्ड और मोबाइल फोन बरामद हुआ। विजिटिंग कार्ड पर दर्ज नंबर के आधार पर परिजनों से संपर्क किया गया, जिसके बाद मृतक की पहचान हो सकी।
जांच अधिकारी ने बताया कि अमन कुमार और सरिता वर्ष 2015 से साथ रह रहे थे और दोनों ने साल 2022 में कोर्ट मैरिज की थी। सरिता पहले से तलाकशुदा हैं और उनकी एक बेटी पहले विवाह से है जबकि अमन और सरिता की एक बेटी साथ में है। परिजनों ने बताया कि पति-पत्नी के बीच किसी तरह का कोई विवाद नहीं था। प्रारंभिक जांच में यह मामला रेल हादसा प्रतीत हो रहा है। फिलहाल जीआरपी सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है।