कृष्ण लाल की छह अप्रैल को कोरोना वैक्सीन लगवाने की बनी पर्ची
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फरीदाबाद स्वास्थ्य विभाग ने हाल ही में एक मृत व्यक्ति का सफलता पूर्वक टीकाकरण किया है। इसका बधाई संदेश भी व्यक्ति के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजा गया है। मृतक के परिजन हैरत में हैं कि तीन अप्रैल को जिस बुजुर्ग की मौत हो गई, वह एसजीएम नगर स्थित स्वास्थ्य केंद्र में छह अप्रैल को टीकाकरण कैसे करा सकता है।
हालांकि स्वास्थ्य विभाग इसे मैनुअल पंजीकरण (व्यक्ति द्वारा रजिस्टर में पंजीकरण) और ऑनलाइन पोर्टल अपडेट के बीच का अंतर बता रहा है। मृत व्यक्ति ने दो अप्रैल को कोविशील्ड वैक्सीन की पहली डोज ली थी।
दो अप्रैल को लगवाया था टीका
एसजीएम नगर निवासी धीरज कुमार ने बताया कि उनके पिता कृष्ण लाल (63) ने दो अप्रैल को स्थानीय स्तर पर आयोजित टीकाकरण केंद्र में कोरोना वैक्सीन की पहली डोज ली थी। उनके पिता फेफड़ों की बीमारी से पीड़ित थे। इसका इलाज जारी था। हालांकि बीते करीब एक साल से वह घर से बाहर नहीं निकले थे। न ही उन्हें स्वास्थ्य संबंधी कोई परेशानी हुई। दो अप्रैल को टीकाकरण कराने के बाद कृष्णलाल दोपहर 12 बजे घर लौटे।
रात तक उनकी स्थिति सामान्य थी। देर रात उन्हें सांस लेने में समस्या हुई। इस पर धीरज ने पिता को बीके सिविल अस्पताल की इमरजेंसी में दिखाया। परेशानी का कारण पूछे जाने पर धीरज ने सुबह वैक्सीनेशन कराने की बात कही। इसके बाद डॉक्टरों ने धीरज के मेडिकल रिपोर्ट कार्ड पर ब्रॉट डेड यानी मृत हालत में अस्पताल पहुंचने के रिमार्क (औपचारिक पुष्टि) लिखे।
धीरज का कहना है कि उसने डॉक्टरों से पिता की मौत का कारण पूछा तो उन्होंने हार्ट अटैक बताया। मौत के कारण का वैक्सीनेशन से कोई लेना है या नहीं, इसकी जांच करने से डॉक्टरों ने इनकार कर दिया। पिता की मौत के चौथे दिन स्वास्थ्य विभाग ने पंजीकृत मोबाइल पर सूचना भेजी कि छह अप्रैल को कृष्णलाल ने एसजीएम नगर में सफलतापूर्वक टीकाकरण करा लिया है।