अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण (एफएमडीए) की ओर से कराए गए सेफ्टी ऑडिट में सड़कें फेल हो गई हैं। ऑडिट में कई सड़कों पर स्ट्रीट लाइट, ब्लिंकर्स और स्पीड लिमिट बोर्ड नदारद मिले हैं। अब एफएमडीए इनको दुरुस्त कराएगा। सड़कों पर हादसों के कारणों की पहचान करने के लिए यह ऑडिट कराया गया है। इस योजना पर करीब साढ़े तीन लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। इसका प्रस्ताव बनाकर उच्च अधिकारियों के पास मंजूरी के लिए भेज दिया गया है।
एफएमडीए के अंतर्गत स्मार्ट सिटी की करीब 71 किलोमीटर सड़कें आती हैं। इसके अलावा 60 फीट से अधिक चौड़ी सड़कों को भी एफएमडीए ने इस दायरे में रखा है। सड़कों पर वाहनों, पैदल चलने वालों समेत अन्य की सुविधाओं का ध्यान रखने की कवायद की जानी है। स्मार्ट सिटी की सड़कों को सुधारने के लिए प्राधिकरण ने सड़कों की सुरक्षा का ऑडिट कराया। सुरक्षा ऑडिट में कई सड़कों पर ब्लिंकर्स लगे हैंए लेकिन 10 से अधिक ऐसी सड़कें हैंए जहां ब्लिंकर्स नहीं लगे हैं। ऐसे में रात में चलने वाले वाहनों को हादसे का खतरा बना हुआ है। स्मार्ट सिटी की सड़कों समेत शहर की 60 फीट चौड़ी सड़कों में भी कुछ स्थानों पर स्ट्रीट लाइटें खराब होने और खंभे टूटने की शिकायत है। इसके अलावा कुछ स्थानों पर स्ट्रीट लाइट की दरकार भी ऑडिट में नजर आई। इसके अलावा अधिकतर स्थानों पर सड़कों पर स्पीड लिमिट के बोर्ड नहीं लगे हैं। ऐसे में तेज रफ्तार से आने वाले वाहन अपने और दूसरे वाहनों के लिए हादसों का सबब बन रहे हैं। सुरक्षा ऑडिट में सड़कों पर गड्ढे, साइन बोर्ड को भी चिह्नित किया गया है। इसके अलावा फुटपाथ और डिवाइडर की भी जरूरत बताई गई है। प्राधिकरण ने ऑडिट रिपोर्ट के आधार पर योजना तैयार की है।
एफएमडीए द्वारा इन सड़कों का कराया जा रहा निर्माण
ग्रेटर फरीदाबाद सहित शहर के अनेक क्षेत्रों में एफएमडीए द्वारा सड़कें बनाई जा रही हैं। इनमें प्रमुख रूप से सेक्टर-15-16 डिवाइडिंग रोड, तिकोना पार्क-ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज रोड, जेसी बोस वाईएमसीए बाईपास, सेक्टर-12 कोर्ट रोड आदि शामिल हैं।
दुर्घटना वाले स्थानों को किया चिह्नित
ऑडिट में सड़कों पर ब्लैक स्पॉट को चिह्नित किया गया है। इसके साथ ही सड़कों पर साइन बोर्ड, सेफ्टी बैरियर, पैदल चलने वालों की सुरक्षा के लिए रेलिंग, रंबल स्ट्रिप आदि की जांच की गई। रिपोर्ट के आधार पर ऐसे स्थानों की खामियों को ठीक किया जाएगा, जहां पिछले वर्षों में कोई न कोई दुर्घटना घटित हुई थी।
ऑडिट में हादसों के प्रमुख कारणों को किया चिह्नित
- ट्रैफिक का मिक्सअप
- वाहनों की तेज रफ्तार
- डिवाइडर से अचानक सड़क पर आना
- जेब्रा क्रॉसिंग न होना
- रेड लाइट का न होना
- मुड़ते वक्त इंडीकेटर का उपयोग न करना
- अंधेरा होने के कारण कट दिखाई न देना आदि
प्राधिकरण ने शहर में चौड़ी सड़काें में दुर्घटनाओं को रोकने के लिए ऑडिट कराया है। इसमें बहुत से पहलुओं को चिह्नित किया गया है। ऑडिट की मदद से सड़कों को लोगों के लिए पूर्ण रूप से सुरक्षित बनाकर हादसे रोकने की योजना है। डॉ गरिमा मित्तल अतिरिक्त सीईओ एफएमडीए