एलटीसी, मेडिकल सुविधा और पेंशन बढ़ोतरी सहित कई मुद्दों पर उठाई आवाज, प्रधानमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने लंबित मांगों को लेकर मंगलवार को जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन किया। अखिल भारतीय राज्य सरकारी पेंशनर्स फेडरेशन के आह्वान पर रिटायर्ड कर्मचारी संघ हरियाणा के बैनर तले सैकड़ों पेंशनरों ने डीसी कार्यालय पर सांकेतिक धरना देते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
जिला प्रधान नवल सिंह की अध्यक्षता में आयोजित धरने के बाद प्रदर्शनकारियों ने 12 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन प्रधानमंत्री के नाम तहसीलदार सुमेर सिंह को सौंपा। उपायुक्त की अनुपस्थिति में यह ज्ञापन उन्हें दिया गया। इस दौरान संगठन के मुख्य सलाहकार सुभाष लांबा ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें पेंशनर्स की जायज मांगों की लगातार अनदेखी कर रही हैं। उन्होंने एलटीसी सुविधा में बदलाव पर नाराजगी जताते हुए कहा कि पहले चार साल में एक माह की पेंशन के रूप में मिलने वाली सुविधा अब शर्तों में बांध दी गई है और इसे बंद करने की योजना बनाई जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने पेंशन में उम्र के आधार पर वृद्धि, कम्युटेशन की रिकवरी अवधि 15 से घटाकर 11 वर्ष करने, कैशलेस मेडिकल सुविधा लागू करने और मेडिकल भत्ता बढ़ाकर 3000 रुपये करने की मांग उठाई। इसके अलावा पेंशन विधेयक 2025 को वापस लेने, आठवें वेतन आयोग का लाभ पेंशनर्स तक पहुंचाने और वरिष्ठ नागरिकों को बस किराए में 50 प्रतिशत छूट देने जैसे मुद्दे भी प्रमुख रहे। वक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।