तकनीकी कोर्स के साथ छात्रों को मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं
सूरज कुमार
फरीदाबाद। शहर के पंडित जवाहर लाल नेहरू महाविद्यालय को अब मॉडल संस्कृति महाविद्यालय के रूप में विकसित किया जाएगा। मॉडल संस्कृति का दर्जा मिलने के साथ ही कॉलेज में नए व्यावसायिक और तकनीकी कोर्स शुरू किए जाएंगे। महाविद्यालय में पहली बार भौतिकी में इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे विषय पढ़ाए जाएंगे, जो अब तक केवल तकनीकी संस्थानों में ही पढ़ाए जाते हैं। इससे छात्रों को एक ही छत के नीचे सामान्य पढ़ाई के साथ-साथ तकनीकी ज्ञान भी मिल सकेगा। इसके अलावा भारतीय ज्ञान परंपरा को बढ़ावा देने के लिए इसी सत्र से संस्कृत भाषा में स्नातकोत्तर का नया कोर्स शुरू किया गया है। फरीदाबाद और पलवल क्षेत्र में पंडित नेहरू कॉलेज ऐसा पहला महाविद्यालय बन गया है, जहां संस्कृत में पीजी की पढ़ाई होगी।
कॉलेज प्रबंधन के अनुसार विद्यार्थियों के लिए बन रहे नए भवन में आधुनिक स्मार्ट क्लासरूम बनाए जाएंगे। इस नए भवन का निर्माण कार्य अक्तूबर तक पूरा होने की संभावना है। बता दें कि वर्तमान में पंडित नेहरू कॉलेज में कुल 17 कोर्स चल रहे हैं, जिनमें 2220 सीटें उपलब्ध हैं। इस कॉलेज में फिलहाल सात हजार से भी अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं।
कॉलेज प्रबंधन खुद डिजाइन करेगा कोर्स
मॉडल संस्कृति कॉलेज बनने से महाविद्यालय प्रबंधन को नई प्रशासनिक शक्तियां मिलेंगी। प्रबंधन अब छात्रों की जरूरत के हिसाब से खुद नए कोर्स डिजाइन कर सकेगा और सिलेबस तय कर पाएगा। आने वाले समय में इसे पूरी तरह से स्वशासी संस्थान घोषित करने की भी योजना है। खास बात यह है कि नेहरू कॉलेज के इस मॉडल को काफी सराहा गया है और जिलों के कॉलेजों को भी इसी तर्ज पर विकसित किया जाएगा।
जिले के नेहरू कॉलेज को मॉडल संस्कृति के रूप में विकसित जाएगा। इससे आसपास के हजारों छात्रों को इसका फायदा मिलेगा। -रितिका गुप्ता, उच्चतर शिक्षा अधिकारी