फरीदाबाद। स्वास्थ्य विभाग की ओर से 27 जून से तीन दिवसीय पोलियो उन्मूलन अभियान की शुरुआत के लिए तैयारी कर ली गई है। जिले में दो लाख बच्चों को दवा पिलाने का लक्ष्य तय किया गया है। इस दौरान पहले दिन बूथ पर पोलियो की दवा पिलाई जाएगी। इसके बाद स्वास्थ्यकर्मी डोर टू डोर सर्वे कर पांच वर्ष तक के बच्चों को दवा पिलाएंगे। यह अभियान केवल अति संवेदनशील क्षेत्रों में ही चलेगा। इसमें ईंट-भट्ठे, यमुना किनारे के इलाके शामिल किए गए हैं। वहीं, शहरी क्षेत्र के स्लम क्षेत्रों में भी इसको चलाया जाएगा।
टीकाकरण नोडल डॉ. राजेश श्योकंद ने बताया कि कोरोना संक्रमण के फैलाव के कारण पोलियो अभियान नियमित समय पर नहीं चल सका। अभियान स्थगित होने के कारण पोलियो को लेकर भी चिंताएं बढ़ने लगी हैं। ऐसे में पोलियो मुक्त भारत अभियान को लगातार चलाने की जरूरत है। ऐसे क्षेत्रों में पोलियो अभियान का ध्यान रहेगा, जहां बच्चों को पोलियो होने की आशंका ज्यादा है। यह अभियान ईंट-भट्ठों, स्लम, दूरदराज के क्षेत्रों जहां स्वास्थ्य विभाग की पहुंच नहीं है। ऐसे 1112 क्षेत्रों को चिन्हित किया गया है। पहले दिन के लिए 852 बूथ बनाए गए हैं। 28 व 29 जून को 1211 टीमें डोर टू डोर जाएंगी। तीन दिन के दौरान 2,16,515 बच्चों का लक्ष्य रखा गया है। वहीं 154 मोबाइल टीमें भी इस काम में रहेंगी। उन्होंने बताया कि हमारा प्रयास है कि पोलियो अभियान की वजह से कोरोना से बचाव टीकाकरण प्रभावित नहीं हो। इसके लिए भी कार्य योजना तैयार की जा रही है।