-बृहस्पतिवार को 36 वर्षीय समसुद्दीन एवं दस वर्षीय बच्ची पायल की मौत हो गई
-कई मरीज अस्पताल में, गांव में दहशत का माहौल
संवाद न्यूज एजेंसी
हथीन। छांयसा गांव में अस्वाभाविक मौतों का सिलसिला थम नहीं रहा है। बृहस्पतिवार को 36 वर्षीय समसुद्दीन एवं दस वर्षीय बच्ची पायल की मौत हो गई। इस तरह अब तक कुल 11 मौतें अस्वाभाविक हो गई हैं। लगातार मौतें होने से लोगों में अभी भी दहशत का माहौल बना हुआ है।
ग्राम पंचायत के पूर्व पंच अब्दुल करीम ने बताया कि अभी भी कई मरीज विभिन्न अस्पतालों में भर्ती हैं। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से अपील की है कि स्क्रीनिंग में जो मरीज रोगों से पीड़ित मिलें उनका समुचित इलाज किया जाए। बृहस्पतिवार को भी पीएचसी छांयसा के इंचार्ज डॉक्टर देवेंद्र जाखड़ के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग के स्टाफ के साथ सर्वेक्षण एवं स्क्रीनिंग का काम जारी रखा। विभागीय टीम उन घरों में भी गई जिनके परिजनों की मौत अस्वाभाविक परिस्थितियों में हुई है। उन्हें ढाढ़स बंधाया और इलाज का भरोसा दिया। जन स्वास्थ्य विभाग की टीम को बुलाकर तीन स्थानों से अलग-अलग सैम्पल लेकर उनको लैब में भिजवाया है। लैब रिपोर्ट के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
पीएचसी के इंचार्ज डॉक्टर देवेंद्र जाखड़ ने बताया कि सभी मौतों के कारणों की जांच करके उचित कदम उठाए जा रहे हैं। इस बीच स्थानीय विधायक मोहम्मद इसराईल चौधरी ने भी गांव में हो रही अस्वाभाविक मौतों के मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों से सम्पर्क कर उचित चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने को कहा है। विधायक स्वयं भी गांव का दौरा कर मौके पर जाकर लोगों से मिलेंगे। विधायक मोहम्मद इसराईल चौधरी ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव सुमिता मिश्रा के माध्यम से गांव में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने का अनुरोध किया जाएगा। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे भयभीत न हों। समुचित प्रबंध किए जाएंगे।