शेयर बाजार में निवेश, प्रीपेड टास्क, क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के नाम पर दिया वारदात को अंजाम
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर में अलग-अलग रहने वाले 10 लोगों ने उनके साथ हुई साइबर ठगी की पुलिस को शिकायत दी है। आरोप है कि इन लोगों से साइबर अपराधियों ने 25.65 लाख रुपये ठग लिए। किसी से शेयर बाजार में निवेश के नाम पर, प्रीपेड टास्क के नाम पर तो कई लोगों से क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने व अन्य बहाने से ठगी की गई है। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि शिकायतों पर 10 अलग-अलग एफआईआर दर्ज कर साइबर क्राइम थानों की टीमें जांच में जुटी है।
पहले मामले में सेक्टर-78 एरिया की सोसाइटी में रहने वाले अमित ने जेप्टो एप से कुछ सामान ऑर्डर किया तो बिल में एक्सट्रा चार्ज लगे हुए थे। ऑनलाइन कस्टमर केयर नंबर ढूंढकर संपर्क किया तो वीडियो कॉल कर ठगों ने ई-वॉलेट एप खुलवाया और रिफंड के बहाने 13 ट्रांजेक्शन में खाते से 158299 रुपये ट्रांसफर कर लिए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है।
दूसरा मामले में तिलपत एरिया के रहने वाले छोटेलाल को शेयर बाजार में निवेश पर 20 प्रतिशत मुनाफा दिलाने का झांसा देकर संपर्क किया गया। व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़कर एप डाउनलोड कराकर रुपये निवेश कराने लगे। 1 लाख 14 हजार 500 रुपये निवेश करने पर एप में मुनाफे के साथ 3 लाख से अधिक रुपये हो गए। लेकिन ढाई लाख रिफंड का प्रयास किया तो ठगी का पता चला। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है।
तीसरे मामले में सेक्टर-29 एरिया की रहने वाली महिला को एचडीएफसी बैंक कर्मचारी बनकर ठग ने कॉल की। आरोपी ने क्रेडिट कार्ड अपग्रेड करने के बहाने एक नंबर पर कॉल करने को कहा। बाद में पता चला कि कॉल फॉरवर्ड हो गई हैं। जिसके बाद आरोपी ने 248902 रुपये कार्ड से 4 ट्रांजेक्शन में ट्रांसफर कर लिए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है।
चौथे मामले में सेक्टर-37 एरिया में रहने वाली निजी कंपनी की महिला इंजीनियर को पार्ट टाइम जॉब के बहाने संपर्क कर ठग लिया गया। रिव्यू टास्क शुरू में देने के बाद टेलीग्राम पर जोड़कर प्रीपेड टास्क में निवेश पर मुनाफे का झांसा दिया गया। लेकिन 1 लाख 73 हजार रुपये लेकर न तो मुनाफा दिया और न ही रुपये वापस किए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल में एफआईआर दर्ज हुई है।
पांचवें मामले में आईपी कॉलोनी के रहने वाले विनीत गर्ग को शेयर बाजार व आईपीओ में निवेश करने का झांसा देकर ठग लिया गया। आरोपियों ने संपर्क कर अपने प्लेटफॉर्म को सेबी रजिस्टर्ड बताकर 11 लाख 10 हजार रुपये आईपीओ में निवेश करा लिए। लेकिन रिफंड को कहा तो कॉल रिसीव करना ही बंद कर दिया। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है।
पुराने नोट खरीदने के बहाने संपर्क किया
छठे मामले में तिलपत एरिया में रहने वाले अमित कुमार से ठगों ने संपर्क कर इनके पास मौजूद 2 और 5 रुपये के पुराने नोट खरीदने के बहाने संपर्क किया। आरोप है कि मना करने पर आरोपियों ने धमकाया और कहा कि आपके खिलाफ शिकायत दर्ज हो गई है। केस का डर दिखाकर आरोपियों ने 78500 रुपये ट्रांसफर करा लिए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है।
सातवें मामले में सेक्टर-37 एरिया के रहने वाले राजेश कुमार के आईडीएफसी बैंक खाते से लगभग एक सप्ताह के दौरान 7 ट्रांजेक्शन में रुपये कट गए। इनके खाते से कुल 32615 रुपये कट गए। ये समझ ही नहीं आया कि खाते से रुपये ट्रांसफर कैसे हुए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है।
आठवें मामले में बदरपुर सैद एरिया में रहने वाले निजी कंपनी संचालक रूप किशोर की कंपनी के खाते से 3 फर्जी ट्रांजेक्शन का आरोप लगाया गया है। इनका कहना है कि 3 ट्रांजेक्शन में खाते से 1 लाख रुपये कट गए। जबकि ये ट्रांजेक्शन इन्होंने नहीं की थी। साइबर थाना सेंट्रल पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है।
नौवें मामले में सेक्टर-14 में रहने वाले योगेश आहूजा से ठगों ने बैंककर्मी बनकर संपर्क किया। कॉल पर स्क्रीन शेयर कराकर आरोपियों ने कार्ड की वेरिफिकेशन के बहाने कॉल फाॅरवर्ड कर ली। जिसके बाद इनके अलग-अलग कार्ड व खाते से 334590 रुपये कट गए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की है।
दसवें मामले में सेक्टर-91 एरिया में रहने वाले प्रवीन कुमार को क्रेडिट कार्ड पॉइंट रिडीम करने के लिए लिंक भेजकर ठगी कर ली गई। आरोप है कि लिंक खोलते ही एप डाउनलोड हो गया और फिर क्रेडिट कार्ड से 214850 रुपये कट गए। साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की है।