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Faridabad News: 100 से अधिक स्थानों पर रावण के पुतलों का दहन

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फरीदाबाद एनआईटी ​स्थित दशहरा मैदान में धू-धूकर जलता कुंभकरण का पु​तला । संवाद
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मेलों में उमली भीड़, सुरक्षा में तैनात रहे दो हजार पुलिसकर्मी, 76 और 77 साल पुरानी परंपराओं के साथ मनाया गया विजयादशमी का पर्व
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संवाद न्यूज एजेंसी


फरीदाबाद। औद्योगिक नगरी में मंगलवार को विजयादशमी का पर्व धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपराओं और उत्साह के बीच मनाया गया। शहर के विभिन्न सेक्टरों, कॉलोनियों और ग्रेटर फरीदाबाद की सोसाइटियों सहित 100 से अधिक स्थानों पर रावण के पुतलों के दहन के कार्यक्रम आयोजित किए गए। शाम होते ही दशहरा मैदानों में लोगों की भीड़ जुटने लगी।

निर्धारित समय पर रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का दहन किया गया। आतिशबाजी और जय श्रीराम के जयकारों के बीच लोगों ने असत्य पर सत्य की जीत का संदेश दिया। इस बार दशहरा आयोजनों में धार्मिक परंपराओं के साथ मेले, परिवारों की भागीदारी और सुरक्षा व्यवस्था भी चर्चा का विषय रही।
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एनआईटी-3 स्थित दशहरा मैदान में सिद्धपीठ श्री हनुमान मंदिर की ओर से आयोजित दशहरा महोत्सव ने खास आकर्षण बटोरा। मंदिर की दशहरा परंपरा के 76 वर्ष पूरे होने पर आयोजन में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर, बड़खल विधायक धनेश अदलखा और पूर्व विधायक चंदर भाटिया कार्यक्रम में शामिल हुए। अतिथियों ने तीर चलाकर रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का दहन किया। इसके बाद मैदान में आतिशबाजी देखने के लिए लोगों की भीड़ जुटी रही।



केंद्रीय राज्य मंत्री गुर्जर ने कहा कि धार्मिक संस्थाएं समाज को जोड़ने, सेवा कार्यों को बढ़ावा देने और सांस्कृतिक विरासत को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाती हैं। विधायक धनेश अदलक्खा ने कहा कि विजयादशमी का पर्व लोगों को सत्य, धर्म और न्याय के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।


सेक्टर-16ए में 77वां दशहरा महोत्सव


सेक्टर-16ए स्थित दशहरा मैदान में श्री महावीर दल दशहरा कमेटी और अखिल भारतीय लैय्या बिरादरी की ओर से 77वें दशहरा महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर शामिल हुए, जबकि कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने तीर चलाकर रावण दहन किया। वहीं, सेक्टर-30 के दशहरा मैदान में फरीदाबाद दशहरा कमेटी की ओर से उत्सव मनाया गया। यहां रावण का 87 फीट ऊंचा पुतला बनाया गया था। बल्लभगढ़ दशहरा मैदान में विधायक मूलचंद शर्मा ने रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का दहन किया। ग्रेटर फरीदाबाद की प्राणायाम सोसाइटी में आयोजित कार्यक्रम में राज्य मंत्री राजेश नागर ने हिस्सा लिया और रावण दहन किया।



सोसाइटियों से कॉलोनियों तक उत्सव का माहौल


एनआईटी और बल्लभगढ़ के अलावा सेक्टर-3, सेक्टर-8, सेक्टर-12, सेक्टर-16, इस्माइलपुर, सूरजकुंड और दुर्गा बिल्डर क्षेत्र में भी दशहरा उत्सव आयोजित किए गए। बराही तालाब, ओल्ड फरीदाबाद, सूरजकुंड गोल चक्कर और ग्रीन फील्ड कॉलोनी में भी रावण दहन देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। ग्रेटर फरीदाबाद की आरडब्ल्यूए ने भी सोसाइटियों में आयोजन किए। मंचों से लोगों को आपसी द्वेष, ईर्ष्या और दुर्भावना जैसी सामाजिक बुराइयों को छोड़कर सद्भाव के साथ रहने का संदेश दिया गया।



बच्चों ने खरीदे खिलौने, परिवारों ने मेले का लिया आनंद


दशहरा मैदानों में रावण दहन के साथ मेलों की रौनक भी देखने को मिली। परिवारों के साथ पहुंचे लोगों ने खाने-पीने की दुकानों पर चाट, समोसे और जलेबी का स्वाद लिया। बच्चों ने धनुष-बाण, खिलौने और अन्य सामान खरीदे। कई स्थानों पर घरेलू उपयोग की वस्तुओं की दुकानें भी लगी थीं। बच्चों और बड़ों ने बर्फ की चुस्की खाने के साथ घुड़सवारी का आनंद लिया। शाम से लेकर रावण दहन तक मैदानों में लोगों की आवाजाही बनी रही।
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भीड़ के बीच सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालती रही पुलिस


दशहरा आयोजनों में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए। आयोजन स्थलों पर करीब दो हजार पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई। अधिकारियों के निर्देश पर पुलिसकर्मी भीड़ को नियंत्रित करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में जुटे रहे। बम निरोधक और दंगा निरोधक दस्तों को भी तैनात रखा गया, ताकि किसी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके। बड़े आयोजनों में 50 हजार से एक लाख तक लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए विशेष सतर्कता बरती गई। एनआईटी दशहरा मैदान में भीड़ को व्यवस्थित रखने के लिए पहले से बांस-बल्लियों से बैरिकेडिंग कराई गई थी। इस तरह धार्मिक आयोजनों, मेलों और सुरक्षा इंतजामों के बीच शहर में विजयादशमी का पर्व संपन्न हुआ।

फरीदाबाद एनआईटी स्थित दशहरा मैदान में धू-धूकर जलता कुंभकरण का पुतला । संवाद

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