बीके अस्पताल में मरीजों को साफ-सुथरे और सुंदर माहौल में मिलेगा इलाज
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। बीके नागरिक अस्पताल में अब मरीजों और उनके तीमारदारों को साफ-सुथरे और सुंदर माहौल में इलाज मिलेगा। अस्पताल प्रबंधन ने पूरे परिसर के सौंदर्यीकरण का काम शुरू कर दिया है। अस्पताल को कॉर्पोरेट अस्पतालों की तर्ज पर चमकाने की योजना के तहत रंगाई-पुताई का कार्य तेजी से किया जा रहा है।
अस्पताल की तीसरी मंजिल की दीवारों और कमरों की पुताई का कार्य पहले ही पूरा कर लिया गया है। अब अस्पताल की दूसरी मंजिल पर पुताई का कार्य किया जा रहा है। दूसरी मंजिल पर ओटी बना हुआ है। इसे पूरा कर पहली मंजिल पर रंगाई-पुताई का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। वहीं, जल्द ही पूरे भवन में फॉल्स सीलिंग की मरम्मत का काम भी शुरू किया जाएगा। इससे अस्पताल की छतें भी साफ-सुथरी और दुरुस्त दिखेंगी।
अस्पताल के बाहरी क्षेत्र को भी खूबसूरत और सुविधाजनक बनाया जा रहा है। परिसर के बाहर की जमीन पर मिट्टी और रोड़ी डालकर समतलीकरण का कार्य चल रहा है ताकि बरसात या धूलभरी परिस्थितियों में मरीजों और कर्मचारियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। बाहरी क्षेत्र में सौंदर्यीकरण व नवीनीकरण के बाद लोगों को बेहतर सुविधा मिलेगी।
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सौंदर्यीकरण का यह कार्य पूरा होने के बाद मरीजों को बेहतर माहौल और सुविधाएं मिलेंगी जिससे उनके इलाज में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। -डॉ. विकास गोयल, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी
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अस्पताल में आपातकालीन प्रयोगशाला 24 घंटे चालू
फरीदाबाद। बीके अस्पताल में मरीजों को अपनी जांच रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ रहा है। अस्पताल की दूसरी मंजिल पर स्थित आपातकालीन प्रयोगशाला को 24 घंटे चालू रखा गया है, जिससे मरीजों को अवकाश के दिनों में भी रिपोर्ट मिलने में कोई दिक्कत न हो।
यह सुविधा विशेष तौर पर उन मरीजों के लिए राहत लेकर आई है, जो दूर-दराज के इलाकों से आते हैं और एक ही दिन में जांच कराने के साथ रिपोर्ट भी पाना चाहते हैं। इसके अलावा आपातकालीन जांच के लिए भी फायदेमंद साबित हो रही है। आपातकालीन प्रयोगशाला में प्रतिदिन 120 से 150 तक नमूनों की जांच की जाती है।
तकनीकी अधिकारी व डीआईपीएचएल समन्वयक अमित कुमार ने बताया कि इस प्रयोगशाला में सीबीसी, एलएफटी, केएफटी, थैलेसीमिया, सीरम, इलेक्ट्रोलाइट्स, एचबीएसएजी, एचसीवी, एचआईवी, वीडीआरएल, मलेरिया पैरासाइट समेत कई तरह की जांचें नियमित रूप से की जा रही हैं।
नोडल अधिकारी डॉ. लोकेश कुमार ने बताया कि इससे मरीजों को काफी लाभ पहुंच रहा है। भविष्य में इस सेवा को और अधिक सशक्त बनाने के लिए तकनीकी संसाधनों में भी विस्तार किया जाएगा। संवाद