बल्लभगढ़। गांव शाहपुर खुर्द और पियाला की सीमा पर रजवाहे के किनारे सात मोर संदिग्ध हालात में मृत अवस्था में मिले। वन्य प्राणी विभाग ने कारणों की जांच के लिए उनके सैंपल चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय भेज दिए हैं।
गांव पियाला के पूर्व सरपंच टेकचंद डबास को किसी ने सूचना दी कि जंगल में मोर मरे हुए हैं। वह मौके पर पहुंचे उन्हें मोर के पास गेहूं और ज्वार के दाने मिले। आशंका जताई जा रही है कि इन दानों में किसी ने कीटनाशक दवा मिला रखी थी। टेकचंद की सूचना पर वन्य प्राणी विभाग के इंस्पेक्टर जयदेव मौके पर पहुंचे और मोरों को उठाकर ले गए। इसके बाद पशु पालन विभाग की उपनिदेशक डॉ. नीलम आर्य से मिलकर पोस्टमार्टम करने के बाद मिट्टी में दबा दिया। पशु पालन विभाग के डॉ. विनोद दहिया का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट कुछ दिन बाद आएगी। वन्य प्राणी विभाग के इंस्पेक्टर का कहना है कि सैंपल चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय भेजे हैं। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का पता लग पाएगा। यह भी सकता है कि राष्ट्रीय पक्षी की मौत ठंड से हुई हो।