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आयुष्मान आरोग्य मंदिर : न डॉक्टर, न दवा, न सुविधा, मरीज परेशान

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राहुल राज
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पलवल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी योजना आयुष्मान भारत- प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत बनाए गए आयुष्मान आरोग्य मंदिर देशभर में प्राथमिक स्वास्थ्य सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लक्ष्य से शुरू किए गए थे। इन मंदिरों का उद्देश्य गांवों और छोटे शहरों में सस्ती और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराना था लेकिन शहर के बसंतगढ़ में आयुष्मान आरोग्य मंदिर आज उपेक्षा का शिकार बन गया है।

मरीजों की शिकायत है कि आयुष्मान आरोग्य मंदिर अधिकतर समय बंद रहता है। मरीजों की शिकायत पर बृहस्पतिवार दोपहर 12 बजे जब पड़ताल की तो पाया कि आरोग्य मंदिर के बाहर ताला लटका हुआ है। मरीजों का कहना है कि अगर आरोग्य मंदिर खुला भी रहता है तो डॉक्टर अनुपस्थित रहते हैं। निर्धारित समय के अनुसार आरोग्य मंदिर सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक खुला रहना चाहिए लेकिन अधिकांश दिनों में यहां ताला लटका मिलता है। इससे इलाज कराने आने वाले मरीजों को काफी परेशानी झेलनी पड़ती है।
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40 हजार लोग निर्भर

बसंतगढ़ आरोग्य मंदिर पर किठवाड़ी, रामगढ़, इस्लामाबाद, शमसाबाद क्षेत्र के करीब 40 हजार लोग निर्भर हैं। प्रतिदिन यहां 25 से 30 मरीज इलाज करवाने पहुंचते हैं। नियम के अनुसार हर 5 हजार की आबादी पर एक आरोग्य मंदिर होना चाहिए लेकिन बसंतगढ़ में 40 हजार आबादी पर सिर्फ एक मंदिर है। इस आरोग्य मंदिर में हर महीने करीब 400 ओपीडी मरीजों को देखने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही 20 आशा वर्कर इस क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रही हैं। बावजूद इसके मरीजों को इलाज और दवाओं के लिए मशक्कत करनी पड़ रही है।


आसपास गंदगी और अस्वच्छ माहौल
मरीजों को आरोग्य मंदिर के आसपास गंदगी और अस्वच्छ माहौल का सामना करना पड़ता है। आरोग्य मंदिर के आस-पास खुली नालियां गुजर रही हैं, जो बीमारी फैलाने का खतरा बढ़ा रही हैं। इसके साथ ही परिसर में शौचालय तक मौजूद नहीं है। इसके कारण दूर इलाकों से आने वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा मरीजों के बैठने की भी कोई उचित व्यवस्था नहीं की गई है।
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आरोग्य मंदिर पर मिलती हैं यह निःशुल्क सुविधाएं



मुफ्त लैब जांच - ब्लड शुगर, हीमोग्लोबिन, डेंगू, टाइफाइड, मलेरिया, किडनी/लिवर फंक्शन टेस्ट, थैलेसीमिया, लिपिड प्रोफाइल, थायरॉयड जांच



प्रजनन और बाल स्वास्थ्य - गर्भावस्था और प्रसव देखभाल, नवजात एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं, बाल एवं किशोरावस्था स्वास्थ्य देखभाल



परिवार नियोजन सेवाएं - गर्भ निरोधक साधन और परिवार नियोजन परामर्श।



टीकाकरण सुविधा - बच्चों को आवश्यक सभी टीके निःशुल्क लगाए जाते हैं।



ओपीडी और परामर्श - विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं के लिए ओपीडी सेवाएं और विशेषज्ञ परामर्श की सुविधा दी जाती है।




आरोग्य मंदिर में दवाइयों की कमी रहती है, खासकर कफ सिरप जैसी आम दवाओं की। हमें कभी ट्रेनिंग में तो कभी दवाई लाने जाना पड़ता है इसलिए आरोग्य मंदिर को बंद करना पड़ता है।
- डॉ. राजेश चौहान, कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर, आयुष्मान आरोग्य मंदिर, बसंतगढ़
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