फरीदाबाद। कोरोना संक्रमण का प्रकोप देखते हुए आयुष निदेशालय ने ओपीडी सेवाओं पर रोक लगा दी है। शुक्रवार को जिले की आयुष ओपीडी सेवाएं बंद रहीं। इसी तरह बीके सिविल अस्पताल की ओपीडी सेवाएं भी तीन घंटे ही चलाने के आदेश मिले हैं। सुबह नौ से दोपहर 12 बजे तक सिविल अस्पताल की ओपीडी चलाई जा सकेगी।
बीके सिविल अस्पताल में मौजूदा समय में स्वीकृत पदों में से केवल 50 फीसदी डॉक्टर ही कार्यरत हैं, इसमें भी कई संक्रमित हो गए हैं। मंगलवार को जिले के 12 डॉक्टर संक्रमित मिले थे। ऐसे में अस्पताल प्रबंधन ने स्वास्थ्य निदेशक को पत्र लिख ई-संजीवनी से ओपीडी सेवाएं जारी रखने की गुजारिश की थी। जिले में चिकित्सकों की कमी नहीं हो, इसके लिए आयुष निदेशालय ने 15 दिनों के लिए ओपीडी सेवाएं बंद कर दी हैं। सभी चिकित्सकों को कोविड ड्यूटी में लगाया गया है। यह सभी चिकित्सक होम आइसोलेशन में उपचाराधीन मरीजों की घर-घर जाकर स्वास्थ्य जांच करेंगे और उन्हें इम्यूनिटी बूस्टर उपलब्ध कराएंगे। सभी चिकित्सक मुख्य चिकित्सा अधिकारी को रिपोर्ट भी करेंगे। वहीं, जरूरी स्वास्थ्य सेवाओं को जारी रखने के लिए ऑपरेशन भी बंद कर दिए गए हैं। स्वास्थ्य निदेशालय ने ओपीडी का समय कम करने के साथ ही यह आदेश जारी किए हैं। इस दौैरान केवल आपात सेवा में जरूरी ऑपरेशन ही किए जाएंगे।
मरीजों को संक्रमण से बचाने में यह निर्णय काफी अहम साबित होगा। लोगों से अपील है कि जरूरी होने पर ही अस्पताल जाएं। वहीं, गैर जरूरी कामों के लिए निकलना बंद कर दें। इससे स्वास्थ्य सेवाओं को काफी मदद मिलेगी और भार नहीं पडे़गा।
- डॉ. रणदीप सिंह पूनिया, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
जिले में संक्रमण रोज हावी हो रहा है। कई डॉक्टर संक्रमित हो गए हैं। इस संबंध में निदेशालय को पत्र लिखकर ओपीडी सेवाओं में राहत की अपील की गई थी। निदेशालय ने इस पर संतुष्टिजनक निर्णय लिया है। मरीज और डॉक्टरों को राहत मिलेगी। लोगों से अपील है कि अनावश्यक घर से बाहर निकल कर संक्रमण की चपेट में न आएं। इससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं, लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है, सतर्क रहें और स्वस्थ रहें।
-डा.ॅ सविता यादव, प्रधान चिकित्सा अधिकारी