- किसान के पैर पकड़ने के बाद भी नहीं काटा धान की फसल का गेटपास
-किसान ने मुख्यमंत्री को भेजी शिकायत
संवाद न्यूज एजेंसी
होडल।अनाज मंडी में धान की खरीद के मामले में मंडी अधिकारियों पर किसान ने उनके पैर पकड़ने के बाद उसकी धान की फसल का बगैर पैसे गेटपास नहीं काटा। किसान ने आरोप लगाया की मंडी अधिकारियों ने गेटपास काटने की एवज में 20 रुपये प्रति क्विंटल मांग की, लेकिन मंडी सचिव व डीएमयू ने कोई कार्यवाही नहीं की। पीड़ित किसान ने मामले की शिकायत मुख्यमंत्री नायब सैनी को भेज कर कार्यवाही की मांग की है। किसान के पैर पकड़ने की फुटेज मंडी के सीसीटीवी कैमरे में रिकार्ड होना बताया जा रहा है।
वहीं, मंडी में हुए घोटाले की रिपोर्ट मुख्यमंत्री उड़नदस्ता ने सरकार को भेज दी हैं। गांव भिडूकी कर्मवीर मुख्यमंत्री नायब सैनी को भेजी शिकायत में बताया कि वह 26 अक्टूबर को होडल अनाज मंडी में धान की फसल का गेटपास कटवाने गया जंहा अनिल नामक मंडी कर्मचारी ने उसकी धान की फसल काटने से मना कर दिया। इस दौरान किसान ने मंडी कर्मचारी के पैर पकड़ लिए जो मंडी में लगे सीसीटीवी कैमरे में हैं। शिकायत में किसान ने मंडी कर्मचारियों पर आरोप लगाया कि उससे 20 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से पैसे मांगे ,जब उसने पैसे देने से मना कर दिया तो किसान को गाली गलौज कर झूठा केस दर्ज करवाने की धमकी दी। पीड़ित किसान ने मंडी सचिव विद्यासागर व डीएमयू विजय दहिया से शिकायत की तो उन्होंने किसान की शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं। बाद में किसान अपनी धान की फसल को 2389 रुपये मूल्य की बजाय 1870 रुपये बिक्री कर घर लौट गया।वहीं, इस मामले में मंडी सचिव विद्यासागर से फोन पर बात की तो उन्होंने इस मामले में कुछ बोलने से इंकार कर दिया।
अनाज मंडी में धान व बाजरे घोटाले को लेकर मुख्यमंत्री उड़नदस्ता के डीएसपी साकिर हुसैन ने बताया कि, अनाज मंडी में धान की खरीद में हुई गड़बड़ी को लेकर रिपोर्ट सरकार को भेज दी हैं।सरकार से निर्देश मिलने के बाद कार्यवाही की जाएगी।