कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर को कचरा मुक्त और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में सेक्टर-21ए में रविवार को एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। सर्वोदय फाउंडेशन सहित विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में जीरो वेस्ट अवधारणा को जमीन पर उतारने के लिए कई पहल शुरू की गईं। कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे, जबकि नगर निगम आयुक्त धीरेंद्र खड़गटा विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान एरोबिन मशीन की स्थापना, साइकिल वितरण और मियावाकी फॉरेस्ट ट्रेल का शुभारंभ किया गया। एरोबिन मशीन के जरिये गीले कचरे को स्थानीय स्तर पर ही खाद में बदलने की व्यवस्था की गई है, जिससे कॉलोनियों से निकलने वाले कचरे की मात्रा कम होगी और लैंडफिल साइट पर दबाव घटेगा। इंडियन पॉल्यूशन कंट्रोल एसोसिएशन द्वारा एरोबिन मशीनें उपलब्ध कराई गईं। संस्था के प्रमुख आशीष जैन और उनके सहयोगी संगठनों के प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
इस मौके पर कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि जीरो वेस्ट की दिशा में सामुदायिक भागीदारी बेहद जरूरी है। उन्होंने सामाजिक संगठनों और रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन में बदलने की क्षमता रखते हैं।
नगर निगम आयुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने कहा कि नगर निगम शहर को स्वच्छ, हरित और टिकाऊ मॉडल की ओर ले जाने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। उन्होंने बताया कि यदि प्रत्येक वार्ड और सेक्टर में स्रोत पर कचरा पृथक्करण और स्थानीय खाद निर्माण की व्यवस्था हो जाए तो शहर में कचरा प्रबंधन की तस्वीर बदल सकती है।
कार्यक्रम में विभिन्न आरडब्ल्यूए प्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों की सक्रिय भागीदारी रही। आयोजकों ने उम्मीद जताई कि सेक्टर-21ए से शुरू हुई यह पहल अन्य क्षेत्रों के लिए भी मॉडल बनेगी और फरीदाबाद को जीरो वेस्ट शहर बनाने की दिशा में ठोस आधार तैयार करेगी।