दस अप्रैल को मामले में अदालत सुनाएगी सजा
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। अतिरिक्त एवं सत्र न्यायाधीश सुरेंद्र सिंह की अदालत ने धौज थाना क्षेत्र में 2022 में 123 किलो से अधिक गांजा तस्करी के मामले में आरोपी राजिंद्र प्रसाद को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें और पुलिस द्वारा पेश किए गए साक्ष्यों को पर्याप्त मानते हुए यह फैसला सुनाया। अब दोषी को दी जाने वाली सजा की अवधि पर 10 अप्रैल को सुनवाई होगी।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार 19 सितंबर 2022 को अपराध शाखा की टीम को सूचना मिली थी कि राजस्थान के अलवर का रहने वाला राजिंद्र प्रसाद अपनी कार में भारी मात्रा में नशीला पदार्थ लेकर सोहना से फरीदाबाद की तरफ आ रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने आलमपुर और सिरोही गांव के बीच नाकेबंदी कर दी। कुछ देर बाद संदिग्ध कार आती दिखाई दी, जिसे पुलिस ने रुकने का इशारा किया। चालक ने कार रोकी और मौके से भागने की कोशिश की, लेकिन मुस्तैद पुलिस टीम ने उसे घेराबंदी कर दबोच लिया।
नियमों के तहत मौके पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट को बुलाया गया और उनकी मौजूदगी में कार की गहन तलाशी ली गई। कार के अंदर से छह प्लास्टिक के कट्टे बरामद हुए, जिनमें छोटे-छोटे पैकेट भरे थे। इलेक्ट्रॉनिक कांटे से वजन करने पर कुल 123 किलो 330 ग्राम गांजा पाया गया था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने बरामदगी की प्रक्रिया, जब्ती मेमो और ड्यूटी मजिस्ट्रेट के बयानों को मजबूती से रखा। हालांकि बचाव पक्ष ने आरोपी को झूठा फंसाए जाने का तर्क दिया, लेकिन अदालत ने भारी मात्रा में नशीले पदार्थ की बरामदगी और साक्ष्यों को देखते हुए आरोपी को दोषी ठहराया।