फरीदाबाद। कांत एंक्लेव के 44 आशियानों को ध्वस्त करने की अवधि जुलाई तक बढ़वाने का शपथपत्र दाखिल करने का आज अंतिम दिन है। जिन लोगों ने सोमवार को सर्वोच्च न्यायालय में शपथपत्र दाखिल किया, उन्हें जुलाई तक मोहलत मिल सकती है। बाकी लोगों को 31 मार्च तक अपना आशियाना खाली करना होगा।
अरावली की पहाड़ियों में बसाए गए कांत एंक्लेव को वन क्षेत्र घोषित करते हुए सर्वोच्च न्यायालय ने 44 मकान तोड़ने का फैसला सुनाया था। मुआवजा राशि कम होने पर एंक्लेव के मकान मालिकों ने सर्वोच्च न्यायालय में अर्जी लगाई थी।
सर्वोच्च न्यायालय के आदेश पर इन संपत्तियों का पुनर्मूल्यांकन कराया गया था। न्यायालय ने उन लोगों को जुलाई तक मकान तोड़े जाने से छूट दी थी जो शपथपत्र जमा कराएंगे। नगर योजनाकार संजीव मान के अनुसार शपथपत्र जमा करवाने की अंतिम तिथि सोमवार को पूर्ण हो जाएगी। जो मकान मालिक शपथपत्र नहीं दाखिल कराएंगे उन्हें 15 फरवरी को नोटिस भेजा जाएगा और 31 मार्च को उनके घर तोड़ दिए जाएंगे।