तीन हजार रुपये तो हो गए रिफंड, लेकिन पांच लाख रिफंड करने लगे तो एप पर खाता ब्लॉक कर दिया
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शेयर बाजार में निवेश पर मुनाफे का झांसा देकर बल्लभगढ़ के रहने वाले बाबूराम से 54.50 लाख रुपये ठग लिए गए। उनका कहना है कि व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़कर आरोपियों ने ट्रेनिंग के बाद एप डाउनलोड कराकर खाता खोला। जिसमें निवेश राशि बढ़कर 2.87 करोड़ रुपये हो गई। तीन हजार रुपये रिफंड हो गए लेकिन जब पांच लाख रिफंड करने लगे तो आरोपियों ने खाता ब्लॉक कर दिया। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की है।
पुलिस को दी शिकायत में बाबूराम ने बताया कि 17 दिसंबर को उन्हे व्हाट्सएप पर एक नंबर से मैसेज आया, जिसमें शेयर बाजार में निवेश पर मुनाफे का दावा किया गया। दो जनवरी 2025 को उन्हें एक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ दिया। इस ग्रुप में बतौर एडमिन चार लोग शेयर बाजार में ट्रेडिंग कर मुनाफा कमाने के बारे में बताने लगे। कुछ दिन तक ट्रेड पर मुनाफा देखने के बाद बाबूराम ने भी ट्रेडिंग करने को हां बोल दिया। फिर व्हाट्सएप पर उनसे आवेदन पत्र भरवाकर मंगवाया गया और बोले की आपका खाता खुल गया है। लिंक भेजकर एप डाउनलोड कराया गया। बाद में खातों की डिटेल देकर निवेश राशि ट्रांसफर कराने लगे।
आरोपियों के बताए गए बैंक खातों में सात जनवरी से लेकर 18 जनवरी तक 54.50 लाख रुपये निवेश कर दिए। एप पर ये निवेश राशि बढ़कर मुनाफे के साथ 2.87 करोड़ रुपये दिखने लगी। मुनाफा काफी होना देखकर बाबूराम ने तीन हजार रुपये रिफंड करने का प्रयास किया तो वो हो गए। लेकिन फिर पांच लाख रुपये रिफंड का प्रयास किया तो आरोपियों ने खाता ब्लॉक कर दिया। साथ ही 46 लाख रुपये और जमा करने को कहने लगे। आरोपी बोले कि ये जमा करने के बाद आप सारी राशि रिफंड कर सकोगे। लेकिन शिकायतकर्ता के मना करने पर आरोपियों ने एप पर इनका खाता बंद करने के साथ ही ग्रुप से भी हटा दिया। तब ठगी का अहसास हुआ और शिकायत पुलिस को दी गई। जिस पर अब साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ की टीम कार्रवाई कर रही है।