दो श्रमिकों का अस्पताल में चल रहा इलाज, जीआरपी थाना पुलिस मामले की कर रही जांच
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। ओल्ड फरीदाबाद रेलवे स्टेशन पर निर्माणाधीन साइट पर शुक्रवार दोपहर बेसमेंट और पिलर के लिए खोदे जा रहे करीब 20 फीट गहरे गड्ढे में मिट्टी ढहने से चार श्रमिक दब गए। पास में काम कर रहे अन्य श्रमिकों ने इन्हें मिट्टी से निकालकर अस्पताल पहुंचाया। जहां दो महिला श्रमिकों मोनी और नविता को मृत घोषित कर दिया गया, जबकि काजल और गोविंद की जान बच गई और उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि जीआरपी थाना पुलिस मामले में जांच कर रही है।
ओल्ड फरीदाबाद रेलवे स्टेशन पर यह हादसा शुक्रवार दोपहर लगभग 12 बजे हुआ। प्लेटफार्म नंबर-एक के पास कुछ दिनों से बेसमेंट और पिलर डालने के लिए खुदाई का कार्य चल रहा है। शुक्रवार सुबह खोदे गए गड्ढे में उतरकर मोनी, नविता, काजल और गोविंद के साथ अन्य श्रमिक मिट्टी को समतल कर रहे थे। इसी दौरान मिट्टी को जेसीबी से बाहर निकाला जा रहा था। दोपहर लगभग 12 बजे गड्ढे के ऊपरी हिस्से से मिट्टी का बड़ा हिस्सा नीचे श्रमिकों पर गिर गया। अन्य श्रमिक तो बच गए जबकि मोनी, नविता, काजल और गोविंद उसके नीचे दब गए। हादसे से आस-पास काम कर रहे अन्य श्रमिकों में अफरातफरी मच गई। उन्होंने तुरंत मिट्टी हटाकर नीचे दबे श्रमिकों को निकालने का काम शुरू किया।
हादसे की जानकारी मिलते ही रेलवे स्टेशन परिसर स्थित जीआरपी और आरपीएफ थानों की टीमें भी यहां पहुंचीं। जेसीबी को भी मिट्टी हटाने के काम में लगाया गया। चारों श्रमिकों को निकालकर इलाज के लिए बीके अस्पताल पहुंचाया गया। जहां वेस्ट बंगाल की मूल निवासी 20 साल की मोनी और बिहार लखीसराय की मूल निवासी 33 साल की नविता को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। जबकि गोविंद और काजल का इलाज चल रहा है। 25 साल की काजल बिहार लखीसराय की मूल निवासी है जबकि 59 साल का गोविंद वेस्ट बंगाल का मूल निवासी है।
जीआरपी थाने के एसएचओ राजपाल ने बताया कि इन चारों के अलावा बाकी श्रमिक भी यहीं साइट पर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-4 के पास ही झुग्गी डालकर अपने परिवार के साथ रहते हैं। ये ठेकेदार के अधीन यहां काम करते थे।
मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) पुष्पेश रमण त्रिपाठी ने बताया कि हादसे की जांच के लिए एक कमेटी गठित की गई है। कमेटी हादसे की जांच करेगी और लापरवाही की तह तक जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।