फरीदाबाद (मूर्ति दलाल)। कोरोना संक्रमण के कारण अभिभावक और विद्यार्थी स्कूल खोलने से खुश नहीं हैं। मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा कराए गए ऑनलाइन सर्वे में 50.1 फीसदी शहरी और 49.9 फीसदी ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिक्रिया आई। पूरे प्रदेश में कुल 155737 लोगों ने सर्वे में भाग लिया। इसमें से 70 फीसदी अभिभावक और विद्यार्थी हैं। मंत्रालय की अनुशंसा पर हरियाणा स्कूल एजुकेशन विभाग ने सर्वे से आमजन की प्रतिक्रिया जानी थी। इसमें फरीदाबाद से 7963 लोग सर्वे में प्रतिभागी बने। इसमें से 33 फीसदी ने बोर्ड कक्षाओं के लिए अगस्त माह से स्कूल खोलने की बात कही, जबकि 37 फीसदी ने बाद में ही स्कूल खोलने पर सहमति जताई। 9वीं से 11वीं कक्षा के लिए स्कूल अगस्त में ही खोलने पर 23 फीसदी ने सहमति दी, जबकि 44 फीसदी ने बाद में ही स्कूल खोले जाने को ठीक माना है। 9वीं से 11वीं कक्षा के लिए 37 फीसदी मत बाद में स्कूल खोलने के पक्ष में रहा।
ऑनलाइन प्रतिक्रिया में गुरुग्राम आगे
प्रदेश के 22 जिलों में से सबसे अधिक गुरुग्राम से प्रतिक्रिया मिली। सबसे अधिक सक्रियता के साथ गुरुग्राम से 20581 लोगों ने रिस्पॉस दिया। इसमें से 20 फीसदी ही अगस्त में बोर्ड कक्षा 10वीं और 12वीं के लिए स्कूल खोलने पर सहमत हुए, जबकि 49 फीसदी ने स्कूल बाद में खोलने के लिए वोट किया। 9वीं से 11वीं कक्षा के लिए स्कूल खोलने पर यह पोल 13 फीसदी न में रहा तो 49 फीसदी बाद में स्कूल खोलने के पक्ष में गया। पलवल से 3615 और नूंह से 2774 लोगों ने प्रतिक्रिया दी। पलवल में अन्य जिलों के मुकाबले अभिभावकों की प्रतिक्रिया बिल्कुल विपरीत रही। बोर्ड कक्षाओं के लिए अगस्त में स्कूल खोलने जाने के पक्ष में 54 फीसदी लोग रहे जबकि बाद में स्कूल खोलने के लिए 19 फीसदी ही रहे। 9वीं और 11वीं कक्षा की पढ़ाई के लिए स्कूल खोलने के पक्ष में 38 फीसदी ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी।
स्कूल खोलें या न इसके लिए ऑनलाइन सर्वे कर लोगों की राय ली गई थी। जिले में असहमति का पक्ष ज्यादा रहा। जल्द ही इस दिशा में फैसला लिया जाएगा। निदेशालय के निर्देशों पर कार्रवाई की जाएगी। - सतेंद्र कौर, जिला शिक्षा अधिकारी, फरीदाबाद।