सूरजकुंड मेला : हस्तशिल्प मेले में बनेगा किड्स कार्नर
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अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेले में घूमने आने वाले बच्चों के लिए पहली बार ‘किड्स कार्नर’ तैयार किया जा रहा है। इसमें बच्चों के लिए झूलों के साथ ही विभिन्न प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाएंगी। बच्चों को प्रोत्साहित करने के लिए उनकी बनाई पेंटिंग को वहां प्रदर्शित भी किया जाएगा।
एक फरवरी से शुरू होने वाले सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेले के लिए मेला परिसर को सजाने संवारने का काम जोरशोर से चल रहा है। चंडीगढ़ से आई डिजाइनर जैसमिन सिंह मेले को रंगत देने में जुटी हुई हैं। जैसमिन ने बताया कि इस बार मेले में बच्चों के लिए अलग से किड्स कार्नर तैयार किया जा रहा है। कॉर्नर मेले में पुलिस लाइन के सामने उद्घोषणा कक्ष के साथ होगा। इसके अलावा बच्चों के लिए चित्रकला सहित कई तरह की प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। बच्चों की मस्ती के लिए यहां झूले व अन्य इंतजाम किए जाएंगे। इसके अलावा मेले में रंगत लाने के लिए पेड़ों पर लटकन से सजाया जा रहा है। मटकों और डिब्बों से एक सेल्फी बूथ तैयार किया जा रहा है। इसके अलावा चौपाल के साथ मैदान में ट्री ऑफ लाइफ बनाया जा रहा है। मेटल से बना यह पेड़ लोगों के जीवन के विकास, खुशहाली और सौभाग्य को दर्शाएगा।
पार्किंग का बेहतरीन इंतजाम
मेले में आने वाले दर्शकों की सुविधा के लिए इस बार पार्किंग की समस्या नहीं होगी। मेला प्राधिकरण ने पार्किंग का बढ़ा दिया है। करीब 50 हजार वाहन एक साथ खड़े किए जा सकेंगे। करीब 100 एकड़ जमीन पर पार्किंग बनाई गई है, जो मेले के चारों ओर बनाई गई है। दिल्ली तुगलकाबाद की ओर से आने वालों के लिए खोरी में पर्यटन विभाग की जमीन पर पार्किंग तय की गई है, जबकि फरीदाबाद की ओर से आने वालों के लिए प्रवेश द्वार दो और तीन के बीच में पार्किंग व्यवस्था है। इसके अलावा राजहंस परिसर, जंगल फाल परिसर में भी पार्किंग होगी। मेले में छुट्टी के दिन एक लाख से अधिक दर्शक आते हैं।
स्कूली छात्र भी दिखाएंगे प्रतिभा
4 फरवरी : रंगोली प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति (वरिष्ठ वर्ग)
5 फरवरी : मेहंदी प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति (कनिष्ठ वर्ग)
6 फरवरी : चित्रकला प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति (कनिष्ठ वर्ग)
7 फरवरी : फोटोग्राफी प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति
8 फरवरी : काइट फ्लाइंग प्रतियोगिता (वरिष्ठ व कनिष्ठ वर्ग)
8 फरवरी : फेस पेंटिंग प्रतियोगिता (कनिष्ठ वर्ग)
11 फरवरी : रंगोली प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति (कनिष्ठ वर्ग)
12 फरवरी : मेहंदी प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति (वरिष्ठ वर्ग)
13 फरवरी : फेस पेंटिंग प्रतियोगिता (वरिष्ठ वर्ग)
15 फरवरी : चित्रकला प्रतियोगिता व लोकनृत्य प्रस्तुति (वरिष्ठ वर्ग)