फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Faridabad News: वर्क फ्रॉम होम, ऑनलाइन निवेश और बैंक खाते उपलब्ध कराने वाले 12 आरोपी गिरफ्तार

विज्ञापन
विज्ञापन
साइबर थाना एनआईटी की कार्रवाई, सात ठगी के मामलों में 12 आरोपी गिरफ्तार
विज्ञापन

संवाद न्यूज ऐंसी
फरीदाबाद। साइबर थाना एनआईटी पुलिस ने सात अलग-अलग साइबर ठगी के मामलों में रविवार को 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर वर्क फ्रॉम होम, ऑनलाइन ट्रेडिंग, पीजी सर्च, पानी का कनेक्शन काटने की धमकी और शेयर बाजार में निवेश के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले गिरोहों को सहयोग देने का आरोप है।

पुलिस के अनुसार, पहली कार्रवाई में वर्क फ्रॉम होम के नाम पर 47,594 रुपये की ठगी के मामले में राजस्थान के दौसा निवासी अभिषेक मीणा को गिरफ्तार किया गया। आरोप है कि उसने शिकायतकर्ता से संपर्क कर ठगी की रकम अपने परिचित के खाते में भिजवाई थी। दूसरे मामले में ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर 91.50 लाख रुपये की ठगी में बैंक खाता उपलब्ध कराने वाले राजस्थान के उदयपुर निवासी उमेश कुमार सरगरा को गिरफ्तार किया गया। तीसरे मामले में जानकार बनकर 1.90 लाख रुपये की ठगी के आरोप में चित्तौड़गढ़ निवासी रतनलाल को पकड़ा गया।
विज्ञापन


पुलिस ने पीजी सर्च के दौरान 54,406 रुपये की ठगी के मामले में रेवाड़ी निवासी तरुण उर्फ टिंकू और गुरुग्राम निवासी विशाल को गिरफ्तार किया। आरोप है कि विशाल के खाते में ठगी की राशि आई थी, जबकि तरुण ने बैंक खाता उपलब्ध कराया था। वर्क फ्रॉम होम के नाम पर 52 हजार रुपये की ठगी के मामले में उत्तर प्रदेश के रामपुर निवासी अरकान और अब्दुल हसन को गिरफ्तार किया गया। दोनों पर साइबर ठगों को बैंक खाते उपलब्ध कराने और रकम निकालकर आगे पहुंचाने का आरोप है। पानी का कनेक्शन काटने की धमकी देकर 8.95 लाख रुपये की ठगी के मामले में राजस्थान निवासी गजेंद्र सिंह और राजेंद्र ढाका को गिरफ्तार किया गया।
विज्ञापन

वहीं, शेयर बाजार में निवेश के नाम पर 95.65 लाख रुपये की ठगी के मामले में हिसार निवासी लोकेश, जींद निवासी राकेश कुमार और उत्तर प्रदेश निवासी आकाश कुमार को गिरफ्तार किया गया। पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि साइबर थाना एनआईटी की टीमों ने अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की भूमिका, बैंक खातों और ठगी की रकम के लेनदेन की जांच की जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी अनजान व्यक्ति को बैंक खाते, ओटीपी या अन्य गोपनीय जानकारी साझा न करें और साइबर ठगी होने पर तत्काल राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें